बेगूसराय में NH-31 फोरलेन पर टायर ब्लास्ट होने से अनियंत्रित ट्रक ने पीछे से दूसरी गाड़ी में टक्कर मार दी। हादसे में ड्राइवर की मौत हो गई। मृतक की पहचान वैशाली जिले के सिंधों गांव निवासी सिकंदर महतो के पुत्र दीनानाथ महतो (40) के रुप में हुई है। घटना रिफाइनरी थाना क्षेत्र की है। जानकारी के अनुसार दीनानाथ महतो भोजपुर जिले से बालू लोड करके पूर्णिया की ओर जा रहा था। जैसे ही ट्रक हरपुर चौक के समीप पहुंचा, तभी अचानक गाड़ी का आगे वाला दाहिना टायर तेज धमाके के साथ ब्लास्ट कर गया। टायर ब्लास्ट होते ही भारी-भरकम बालू लदा ट्रक पूरी तरह अनियंत्रित हो गया और सीधे आगे चल रहे एक अन्य ट्रक से जा टकराया। टक्कर इतनी तेज थी कि ट्रक का अगला हिस्सा और केबिन बुरी तरह पिचक कर क्षतिग्रस्त हो गया। इस हादसे में चालक दीनानाथ महतो केबिन के भीतर ही बुरी तरह फंस गए। जोरदार धमाके और टक्कर की आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण और राहगीर तुरंत मौके की ओर दौड़े। केबिन में 25 मिनट तक ड्राइवर फंसा रहा प्रत्यक्षदर्शियों ने दुर्घटना की स्थिति देखकर तत्काल रिफाइनरी थाना पुलिस को सूचित किया। सूचना मिलते ही पुलिस बल मौके पर पहुंचा। केबिन में फंसे चालक को निकालने के लिए पुलिस और स्थानीय लोगों ने राहत कार्य शुरू किया। करीब 25 मिनट की कड़ी मशक्कत के बाद लोहे की चादरों और मलबे को हटाकर गंभीर रूप से घायल को बाहर निकाला जा सका। इसके बाद उन्हें तुरंत इलाज के लिए बेगूसराय सदर अस्पताल पहुंचाया गया, जहां प्राथमिक जांच के बाद डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मुजफ्फरपुर निवासी ट्रक मालिक राधे रमन कुमार ने घटना पर गहरा दुख जताया। उन्होंने बताया कि दीनानाथ एक अनुभवी चालक थे और उनके पास 2008 से ड्राइविंग लाइसेंस मौजूद था। गाड़ी पर ड्राइवर के साथ कोई नहीं था हादसे से पहले दीनानाथ ने बख्तियारपुर स्थित पेट्रोल पंप पर लगभग 4 घंटे 42 मिनट तक रुककर आराम किया था। वे सुबह करीब 5:30 बजे वहां से आगे के सफर के लिए निकले थे। गाड़ी पर दीनानाथ अकेले ही थे, उनके साथ कोई खलासी (हेल्पर) मौजूद नहीं था। दीनानाथ पिछले 7-8 वर्षों से मालिक से जुड़े हुए थे। बीच में वे कुछ समय के लिए कमाई करने दुबई भी गए थे। 20-25 दिन पहले ही वापस लौटकर दोबारा ट्रक चला रहे थे। आरा से पूर्णिया के लिए कुल तीन गाड़ियां एक साथ निकली थी। जिनमें से दो गाड़ियां आगे निकल गई और दीनानाथ की गाड़ी पीछे रह गई थी। घर में मचा कोहराम मौत की खबर मिलते ही वैशाली जिले के सिंधो गांव स्थित उनके घर पर मातम पसर गया और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और दुर्घटनाग्रस्त वाहन को मार्ग से हटवाकर यातायात बहाल कराया है। पुलिस मामले की आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है। बेगूसराय में NH-31 फोरलेन पर टायर ब्लास्ट होने से अनियंत्रित ट्रक ने पीछे से दूसरी गाड़ी में टक्कर मार दी। हादसे में ड्राइवर की मौत हो गई। मृतक की पहचान वैशाली जिले के सिंधों गांव निवासी सिकंदर महतो के पुत्र दीनानाथ महतो (40) के रुप में हुई है। घटना रिफाइनरी थाना क्षेत्र की है। जानकारी के अनुसार दीनानाथ महतो भोजपुर जिले से बालू लोड करके पूर्णिया की ओर जा रहा था। जैसे ही ट्रक हरपुर चौक के समीप पहुंचा, तभी अचानक गाड़ी का आगे वाला दाहिना टायर तेज धमाके के साथ ब्लास्ट कर गया। टायर ब्लास्ट होते ही भारी-भरकम बालू लदा ट्रक पूरी तरह अनियंत्रित हो गया और सीधे आगे चल रहे एक अन्य ट्रक से जा टकराया। टक्कर इतनी तेज थी कि ट्रक का अगला हिस्सा और केबिन बुरी तरह पिचक कर क्षतिग्रस्त हो गया। इस हादसे में चालक दीनानाथ महतो केबिन के भीतर ही बुरी तरह फंस गए। जोरदार धमाके और टक्कर की आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण और राहगीर तुरंत मौके की ओर दौड़े। केबिन में 25 मिनट तक ड्राइवर फंसा रहा प्रत्यक्षदर्शियों ने दुर्घटना की स्थिति देखकर तत्काल रिफाइनरी थाना पुलिस को सूचित किया। सूचना मिलते ही पुलिस बल मौके पर पहुंचा। केबिन में फंसे चालक को निकालने के लिए पुलिस और स्थानीय लोगों ने राहत कार्य शुरू किया। करीब 25 मिनट की कड़ी मशक्कत के बाद लोहे की चादरों और मलबे को हटाकर गंभीर रूप से घायल को बाहर निकाला जा सका। इसके बाद उन्हें तुरंत इलाज के लिए बेगूसराय सदर अस्पताल पहुंचाया गया, जहां प्राथमिक जांच के बाद डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मुजफ्फरपुर निवासी ट्रक मालिक राधे रमन कुमार ने घटना पर गहरा दुख जताया। उन्होंने बताया कि दीनानाथ एक अनुभवी चालक थे और उनके पास 2008 से ड्राइविंग लाइसेंस मौजूद था। गाड़ी पर ड्राइवर के साथ कोई नहीं था हादसे से पहले दीनानाथ ने बख्तियारपुर स्थित पेट्रोल पंप पर लगभग 4 घंटे 42 मिनट तक रुककर आराम किया था। वे सुबह करीब 5:30 बजे वहां से आगे के सफर के लिए निकले थे। गाड़ी पर दीनानाथ अकेले ही थे, उनके साथ कोई खलासी (हेल्पर) मौजूद नहीं था। दीनानाथ पिछले 7-8 वर्षों से मालिक से जुड़े हुए थे। बीच में वे कुछ समय के लिए कमाई करने दुबई भी गए थे। 20-25 दिन पहले ही वापस लौटकर दोबारा ट्रक चला रहे थे। आरा से पूर्णिया के लिए कुल तीन गाड़ियां एक साथ निकली थी। जिनमें से दो गाड़ियां आगे निकल गई और दीनानाथ की गाड़ी पीछे रह गई थी। घर में मचा कोहराम मौत की खबर मिलते ही वैशाली जिले के सिंधो गांव स्थित उनके घर पर मातम पसर गया और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और दुर्घटनाग्रस्त वाहन को मार्ग से हटवाकर यातायात बहाल कराया है। पुलिस मामले की आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।

