ब्यावर जिले में आपातकालीन परिस्थितियों से प्रभावी ढंग से निपटने की तैयारियों का आकलन करने और आमजन में जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से शुक्रवार शाम मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया। यह अभ्यास राजकीय सनातन धर्म महाविद्यालय में एयर स्ट्राइक पर आधारित परिकल्पना के तहत किया गया, जिसमें विभिन्न विभागों ने समन्वित रूप से भाग लिया। जिला कलेक्टर कमल राम मीना के अनुसार शाम 7 बजे सायरन बजाकर मॉक ड्रिल की शुरुआत की गई। इस दौरान आमजन ने अनुशासन और संयम का परिचय देते हुए सक्रिय भागीदारी निभाई, जो उनकी सजगता को दर्शाता है।
अभ्यास के दौरान कॉलेज परिसर में ड्रोन जैसे उड़ते ऑब्जेक्ट का प्रदर्शन किया गया। इसके माध्यम से बम गिराए जाने की स्थिति की कल्पना कर आपातकालीन हालात तैयार किए गए। कमियों को सुधारने के प्रयास किए
मॉक ड्रिल के जरिए जिला प्रशासन की तैयारियों का मूल्यांकन किया गया। इस दौरान कमियों की पहचान कर उन्हें सुधारने के प्रयास किए गए। पुलिस, एटीएस और एसओजी टीमों ने त्वरित कार्रवाई करते हुए प्रभावी रिस्पांस टाइम का प्रदर्शन किया। अभ्यास में मेडिकल टीम, फायर ब्रिगेड, एम्बुलेंस सेवाएं, एनसीसी और स्काउट सहित विभिन्न एजेंसियों ने समन्वित रूप से राहत एवं बचाव कार्य किए। घायलों को तत्काल अस्थायी चिकित्सालय पहुंचाकर प्राथमिक उपचार दिया गया, जबकि गंभीर घायलों को ईएसआई अस्पताल रेफर कर सुरक्षित पहुंचाने की प्रक्रिया भी प्रदर्शित की गई। 20 मिनट का ब्लैकआउट रहा
मॉक ड्रिल के अंतर्गत रात 8 बजे से 8:20 बजे तक ओ.के. प्लस रेजिडेंसी और आसपास के क्षेत्रों में ब्लैकआउट अभ्यास किया गया। इस दौरान नागरिकों ने स्वेच्छा से लाइट बंद कर सहयोग दिया, जिससे यह अभ्यास पूरी तरह सफल रहा।
इस अवसर पर एसपी रतन सिंह, एडीएम ब्रह्म लाल जाट, एएसपी भूपेंद्र शर्मा, तहसीलदार हनुत सिंह सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।


