17 अगस्त 2026 को JSSC-CGL कैंसिल होने के बाद एक ओर जहां आंदोलनकारी खुशी से झूमते हुए नजर आए। वहीं एग्जाम में पास होने वाले उम्मीदवारों ने नया आंदोलन शुरू कर दिया। इस बार आंदोलन करने वाले छात्र वे हैं जिन्होंने JSSC-CGL पास करके नौकरी हासिल की थी। वे रांची के प्रोजेक्ट भवन के बाहर प्रदर्शन कर रहे हैं। यहां कुछ प्रदर्शनकारी भावुक होकर रोते हुए भी नजर आए। उम्मीदवारों का गुस्सा फूटा उम्मीदवारों का कहना है कि परीक्षा रद्द होने के फैसले के बाद उनके सामने दोबारा बेरोजगार होने का संकट खड़ा हो गया है। एक प्रदर्शनकारी ने भावुक होकर कहा – सरकार के फैसले के बाद वह सड़क पर आ गया है। उसने अपने माता-पिता से धैर्य रखने की अपील करते हुए कहा कि वे लोग फिर से जीतेंगे। उन्होंने सरकार से अपना फैसला वापस लेने की मांग की और दावा किया कि इस निर्णय से अदालत के आदेश का निरादर हुआ है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से की अपील आक्रोशित छात्रों ने एक मानव श्रृंखला बनाई और मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से अपील की कि वे विरोध-प्रदर्शन के दबाव में आकर ऐसा कोई फैसला न लें जिससे उनकी नौकरी खतरे में पड़ जाए। उम्मीदवारों और पुलिस-प्रशासन के बीच तनावपूर्ण स्थिति विरोध कर रहे उम्मीदवारों ने कहा – यह केवल नौकरी का मामला नहीं है, बल्कि उनके अधिकार और भविष्य से जुड़ा हुआ सवाल है। वह अपने अधिकारों के लिए आगे भी लड़ाई जारी रखेंगे। इस दौरान सचिवालय के बाहर प्रदर्शन कर रहे उम्मीदवारों और पुलिस-प्रशासन के बीच तनावपूर्ण स्थिति देखने को मिली। दूसरी तरफ मांगें पूरी होने जश्न का माहौल 17 अगस्त को झारखंड में JSSC और JPSC परीक्षाओं को लेकर चल रहे विवाद के बीच हेमंत सोरेन सरकार ने बड़ा फैसला लिया। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में 17 अगस्त 2026 को हुई कैबिनेट की विशेष बैठक में JSSC CGL परीक्षा को रद्द कर दिया गया। सरकार के इस फैसले के बाद पिछले 24 दिनों से रांची में आंदोलन कर रहे छात्रों के बीच खुशी की लहर दौड़ गई और प्रदर्शनकारी छात्रों ने जमकर जश्न मनाया। छात्र नेता देवेंद्र महतो ने अनशन तोड़ा प्रदर्शनकारी छात्र अभी भी CBI जांच की मांग पर अड़े हैं। वहीं सोनम वांगुचक से बात करने के बाद छात्र नेता देवेंद्र महतो ने भी अनशन तोड़ दिया। JPSC-JSSC परीक्षा में हुई अनियमितता और गड़बड़ियों को लेकर, पिछले 24 दिनों से रांची से जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में छात्र आंदोलन कर रहे थे। इन छात्रों को CJP लीडर अभिजीत दीपके और उनके साथियों का समर्थन भी मिला। CBI जांच की मांग तक आंदोलन रहेगा जारी झारखंड में जारी प्रदर्शन के बीच सरकार की तरफ से प्रदर्शनकारी छात्रों की परीक्षा रद्द करने की मांग मानने के बाद छात्र नेता रवींद्र पासवान ने कहा – अभी CBI जांच की मांग नहीं मानी गई है और जब तक CBI जांच की मांग नहीं मानी जाती, हम लोग आंदोलन करते रहेंगे। उम्मीदवारों ने दिया सरकार को धन्यवाद रविंद्र पासवान के अनुसार, अभी हम लोग एक बड़ी लड़ाई जीते हैं मगर इसमें अभी और भी कुछ बाकी है। हम मुख्यमंत्री का धन्यवाद करना चाहते हैं जिन्होंने 24 दिन बाद हमारी मांगें सुनी। —————————————————————————- ये खबर भी पढ़ें जर्जर स्कूल में पढ़ने को मजबूर स्टूडेंट्स ने धरना दिया:अधिकारियों से पूछा- अगर आपके बच्चे होते, तो क्या आप उन्हें ऐसी ही सुविधा देते अलवर के थानागाजी क्षेत्र के राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, जोधावास में छात्र-छात्राओं ने धरना शुरू कर दिया। 13–14 अगस्त 2026 को जर्जर भवन और स्कूल की दूसरी बुनियादी समस्याओं को लेकर विद्यार्थियों ने विरोध किया। पूरी खबर यहां पढ़ें
JSSC CGL रद्द होने पर पास उम्मीदवारों का आंदोलन:प्रोजेक्ट भवन के बाहर प्रदर्शन, कोई रो रहा, किसी ने कहा नौकरी और भविष्य संकट में

