Iran US War Update: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर ईरान को लेकर सख्त रुख अपनाया है। ट्रंप ने बुधवार को कहा कि अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत अब अंतिम चरण में पहुंच चुकी है और यदि तेहरान ने समझौता नहीं किया तो अमेरिका खतरनाक कदम उठाने से पीछे नहीं हटेगा।
कनेक्टिकट रवाना होने से पहले जॉइंट बेस एंड्रयूज पर पत्रकारों से बातचीत में ट्रंप ने कहा, हम ईरान के साथ अंतिम चरण में हैं। अब देखना है क्या होता है। या तो वे डील करेंगे या फिर हमें कुछ ऐसे कदम उठाने पड़ेंगे जो काफी खतरनाक होंगे। हालांकि उम्मीद है कि ऐसा नहीं होगा।
नेतन्याहू को लेकर भी दिया बड़ा बयान
डोनाल्ड ट्रंप ने इस दौरान इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू को लेकर भी बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि नेतन्याहू वही करेंगे जो वह चाहेंगे।
ट्रंप ने कहा नेतन्याहू बहुत अच्छे व्यक्ति हैं। वह युद्धकालीन प्रधानमंत्री रहे हैं लेकिन मेरे हिसाब से इजरायल में उनके साथ सही व्यवहार नहीं किया जाता। फिलहाल इजरायल में मेरी लोकप्रियता 99 प्रतिशत है। मैं चाहूं तो वहां प्रधानमंत्री पद का चुनाव भी लड़ सकता हूं।
ईरान युद्ध पर बोले ट्रंप
ट्रंप ने कहा कि अमेरिका पहले भी लंबे युद्धों में शामिल रहा है, लेकिन ईरान के साथ मौजूदा संघर्ष को अभी केवल तीन महीने हुए हैं। उन्होंने वियतनाम, अफगानिस्तान, इराक और कोरिया युद्धों का जिक्र करते हुए कहा कि उन युद्धों में अमेरिका ने भारी नुकसान उठाया था। उन्होंने दावा किया कि ईरान इस समय काफी कमजोर स्थिति में है और आने वाले वर्षों में अमेरिका कई अविश्वसनीय चीजें देखने वाला है।
ईरान ने दिया जवाब
ट्रंप के बयान के बाद ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि कूटनीति में आपसी सम्मान युद्ध से ज्यादा टिकाऊ और बेहतर रास्ता है।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर उन्होंने लिखा, “ईरान ने हमेशा अपने वादों का सम्मान किया है और युद्ध टालने की हर संभव कोशिश की है। दबाव बनाकर ईरान को झुकाने की सोच सिर्फ एक भ्रम है।”
बढ़ सकता है पश्चिम एशिया में तनाव
ट्रंप के ताजा बयान के बाद अमेरिका और ईरान के बीच तनाव और बढ़ने की आशंका जताई जा रही है। पिछले कुछ महीनों से दोनों देशों के बीच सैन्य और कूटनीतिक टकराव लगातार बढ़ता जा रहा है, जिससे पूरे पश्चिम एशिया में अस्थिरता का माहौल बना हुआ है।


