फतेहाबाद जिले के कुलां स्थित नन्हेड़ी अनाजमंडी में सरकारी गेहूं खरीद प्रक्रिया के दौरान किसानों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। बायोमेट्रिक प्रणाली से गेट पास न बनने और मंडी में गेहूं डालने के लिए जगह न होने के कारण किसानों ने विरोध प्रदर्शन किया। आक्रोशित किसानों ने कुलां-रतिया मुख्य मार्ग पर धरना देकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। इस धरने के कारण मुख्य मार्ग बाधित हो गया, जिससे वाहन चालकों को परेशानी हुई और उन्हें गांवों के रास्तों से होकर गुजरना पड़ा। सूचना मिलने पर धारसूल मार्केट कमेटी के सचिव संदीप कासनियां मौके पर पहुंचे और किसानों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन किसान अपनी मांगों पर अड़े रहे। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए टोहाना के एसडीएम आकाश शर्मा भी प्रदर्शनकारियों के बीच पहुंचे। एसडीएम ने सुनी किसानों की समस्या एसडीएम ने किसानों की समस्याओं को विस्तार से समझा। उन्होंने बताया कि बायोमेट्रिक सत्यापन का कार्य ऑनलाइन होने के कारण इसमें धीरे-धीरे सुधार होगा। मंडी में गेहूं डालने की जगह न होने की समस्या पर उन्होंने तत्काल आढ़तियों से बात की। एसडीएम ने गुरुवार के लिए मंडी में गेट पास कटवाकर आढ़तियों द्वारा तय जगह और राइस मिलों में गेहूं गिराने की व्यवस्था की। उन्होंने यह भी आश्वासन दिया कि शुक्रवार से किसान सीधे राइस मिल में अपनी फसल ले जा सकेंगे। इसके लिए राइस मिल पर ही गेट पास काटने के लिए कर्मियों की नियुक्ति की जाएगी, ताकि किसानों को फसल डालने में कोई समस्या न हो। 3 घंटे बाद खोला गया जाम एसडीएम के आश्वासन के बाद प्रदर्शनकारी शांत हुए और लगभग तीन घंटे बाद किसानों ने अपना धरना समाप्त कर दिया। इस दौरान सुरक्षा व्यवस्था के लिए पुलिसकर्मी भी मौजूद रहे। किसान दिलबाग सिंह, दलबीर, जीवन, गुरशरण, सुभाष, बलराज, राज, जसपाल और प्रेम सहित अन्य किसानों ने बताया कि नई बायोमेट्रिक प्रणाली के तहत गेट पास जारी किए जा रहे हैं, लेकिन तकनीकी दिक्कतों के कारण यह प्रक्रिया ठप पड़ी है।


