‘अगर यही उलट होता…जो मेरे बच्चे के साथ हुआ है, वह उनके बच्चे के साथ होता तो पुलिस होती, झंडे होते, बुलडोजर होता और मेरा घर गिरता। इतना समय बीत गया लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। हम मान रहे हैं कि लोगों को लगता होगा कि दो दिन ही हुए हैं, लेकिन पुलिस की अब तक की कार्रवाई में कमी दिख रही है।’ ये कहना है कि माथे में गोली लगने से जान गंवाने वाले 13 साल के उनैज के पिता जमीर खान का है। सरोजनीनगर के बेहसा गांव निवासी उनैज दोस्त के साथ बर्थडे पार्टी में गया था, जहां गोली लगने से उसकी मौत हो गई। बताया जा रहा है, आरोपी डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक के रिश्ते के साले का नाबालिग बेटा है। सोमवार को उसका बर्थडे था। पहले जानिए पूरा घटनाक्रम… सरोजनीनगर के बेहसा गांव में रहने वाले जमीर खान इलेक्ट्रॉनिक की दुकान चलाते हैं। उनका बेटा उनैज स्टेलामेरी स्कूल में 7वीं कक्षा में पढ़ता था। जमीर ने बताया- कृष्णानगर में बालाजी कॉम्प्लेक्स में रहने वाले बिजनेसमैन संजीव त्रिपाठी के यहां सोमवार को बर्थडे पार्टी थी। संजीव का बेटा अपने दोस्त के साथ मेरे घर पहुंचा। बेटे को साथ ले जाने लगा तो मैंने मना कर दिया। लेकिन, लड़के जबरदस्ती उनैज को लेकर चले गए। बेटा भी दोस्ती के नाते चला गया। ‘कोई माथे पर गोली कैसे खा सकता है’ जमीर खान ने बताया- सोमवार शाम 7:30 बजे आरोपी के पिता संजीव त्रिपाठी ने मुझे वॉट्सऐप पर फोन किया। मेरे बड़े बेटे उसैद ने फोन उठाया। संजीव ने फोन पर कहा कि तुम्हारा भाई लोकबंधु में है, तुरंत अस्पताल आ जाओ। इसके बाद हम सभी लोग लोकबंधु अस्पताल पहुंचे। लेकिन, वहां हमें बच्चे से नहीं मिलने दिया गया। कुछ देर बाद पुलिस ने मृत अवस्था में बेटे को दिखाया। उसके माथे के बीच में गोली लगी थी। कोई माथे पर गोली कैसे खा सकता है? उसे कुछ लोगों ने पहले पकड़ा होगा, फिर माथे पर गोली मारी होगी। हत्या को छिपाने की कोशिश की जा रही है। इन लोगों ने रोजे वाले दिन बेटे को मार दिया। ‘अगर गोली हमारे बेटे से चली होती तो अब तक बुलडोजर चल जाता’ पोस्टमॉर्टम के बाद मंगलवार को शव घर पहुंचा तो मिलने वालों का तांता लग गया। सभी लोग पिता जमीर को ढांढस बांधने में लगे थे। इस दौरान कई बार लोगों का पुलिस के खिलाफ आक्रोश भी देखने को मिला। लोगों ने पुलिस प्रशासन मुर्दाबाद के नारे लगाए। पिता ने पुलिस की कार्रवाई पर उठाए सवाल इस पर एसीपी कृष्णानगर रजनीश वर्मा और इंस्पेक्टर कृष्णानगर पीके सिंह ने पिता जमीर से बात कर कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। बातचीत में जमीर ने एसीपी से कहा मान लिया कार्रवाई में दो दिन लगेंगे। लेकिन अगर यही अपोजिट होता। यही गोली मेरे बच्चे से उनके बच्चे को लगी होती तो पुलिस होती, झंडे होते, बुलडोजर होता और मेरा घर होता। पुलिस का डंडा हमारे सारे रिश्तेदार और मोहल्लेवालों को चल गया होता। अगर पुलिस नहीं करती तो उनसे करवाया जाता। इसके अलावा कोई सवाल नहीं है, जहन में…मेरा बच्चा तो चला गया। अब क्या बचा? पूर्व एमएलसी हैं आरोपी छात्र के चाचा आरोपी छात्र के चाचा गुड्डू त्रिपाठी MLC रह चुके हैं। जमीर खान का आरोप है कि गोली गलती से नहीं लगी, बीच माथे पर सटाकर मारी गई है। इसके लिए कुछ लोगों ने मेरे बच्चे के हाथ-पैर भी पकड़े होंगे। आरोपी के पिता संजीव त्रिपाठी ने पेरेंट्स-टीचर मीटिंग में मुझे देख लेने की धमकी भी दी थी। बड़े पापा बोले- अब सब खत्म हो गया… उनैज के बड़े पापा समीर ने बताया- भतीजे का 2 दिन पहले ही जन्मदिन था। अब सब खत्म हो गया। उनैज पढ़ने में काफी होशियार था। सोमवार को उसके दोस्त घर पहुंचे। साथ चलने को कहने लगे, तो रोजा होने की वजह से उसके पिता ने मना कर दिया। कहा- रोजा है, इस वजह से बेटा तुम लोगों के साथ नहीं जा पाएगा। इस पर दोस्त यह कहकर उसे अपने साथ ले गए कि हम लोग रोजा खुलवा देंगे। हमारे भी कई हिंदू दोस्त हैं। इसलिए हम लोगों को लगा कि जाने देते हैं। बेटे का रोजा ये लोग खुलवा देंगे। भतीजे ने भी कहा कि पापा, मैं नहीं गया तो मेरे दोस्तों को बुरा लगेगा। उसे नहीं पता था कि दोस्त उसे मारने के लिए ले जा रहे हैं। रिवाल्वर पूर्व एमएलसी के भाई की है वहीं, चाचा अतीक खान ने बताया- उनैज का हत्यारोपी दोस्त गुड्डू पंडित का भतीजा है। गुड्डू पंडित डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक के रिश्ते के साले हैं। छात्र की हत्या के मामले में पुलिस ने 6 लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है। जिसमें दोस्त नवनीत, अभिनव, कार्तिकेय, नवनीत का ड्राइवर और उसके पिता संजीव त्रिपाठी व मां को नामजद किया है। पुलिस जांच में सामने आया संजीव त्रिपाठी के एलडीए मोड़ बालाजी काम्प्लेक्स कृष्णानगर स्थित घर में नीचे बने कमरे में पार्टी के दौरान गोली चली। रिवाल्वर संजीव के नाम पर है।


