Facet Arthropathy Hindi: सुबह नींद से जागते ही कई बार कमर इतनी सख्त और अकड़ी हुई लगती है कि बिस्तर से उठना भी एक बड़ी चुनौती बन जाता है। शुरुआत में थोड़ा चलने-फिरने या शरीर को सहलाने से यह दर्द कम तो हो जाता है, लेकिन शाम होते-होते या पीछे की तरफ झुकते ही यह फिर से उभर आता है। अक्सर लोग इसे केवल गलत पोज़िशन में सोने या बढ़ती उम्र की सामान्य बात समझकर नज़रअंदाज़ कर देते हैं। लेकिन अगर यह अकड़न और दर्द आपका रोज का साथी बन चुका है, तो इसे हल्के में न लें। मेयो क्लिनिक (Mayo Clinic) के अनुसार, यह समस्या Facet Arthritis (फैसेट आर्थराइटिस) या Facet Arthropathy का संकेत हो सकती है। यह हमारी रीढ़ की हड्डी के जोड़ों से जुड़ी एक आम स्थिति है, जो समय के साथ आपकी दिनचर्या को बुरी तरह प्रभावित कर सकती है। आइए, इसे समझते हैं।
क्या होता है Facet Arthritis?
क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के अनुसार, हमारी रीढ़ की हड्डी (Spine) केवल एक सीधी हड्डी नहीं है, बल्कि यह छोटी-छोटी कई हड्डियों (Vertebrae) से मिलकर बनी होती है। इन हड्डियों को आपस में जोड़ने और हमें झुकने, मुड़ने व घूमने में मदद करने के लिए पीछे की तरफ छोटे-छोटे जोड़ होते हैं। इन्हीं जोड़ों को फैसेट जॉइंट्स (Facet Joints) कहा जाता है। इन फैसेट जॉइंट्स के ऊपर एक चिकनी परत (Cartilage) चढ़ी होती है, जो जोड़ों को आपस में रगड़ खाने से बचाती है। लेकिन उम्र बढ़ने, लगातार गलत तरीके से बैठने या किसी पुरानी चोट के कारण जब यह चिकनी परत घिसने लगती है, तो जोड़ों की हड्डियां आपस में टकराने लगती हैं। इसी सूजन, दर्द और घिसाव की स्थिति को Facet Arthritis कहा जाता है।
शरीर में दिखने वाले मुख्य लक्षण
फैसेट आर्थराइटिस का दर्द रीढ़ की हड्डी के अन्य दर्दों से थोड़ा अलग होता है। अगर आपको यह समस्या है, तो शरीर में नीचे दिए गए लक्षण महसूस हो सकते हैं;
- सुबह के समय कमर में तेज अकड़न।
- पीछे की तरफ झुकने पर दर्द बढ़ना।
- कमर को छूने पर दर्द या संवेदनशीलता।
- कूल्हों और जांघों तक दर्द जाना।
- लंबे समय तक बैठने या खड़े रहने में दिक्कत।
इसके पीछे क्या-क्या कारण होते हैं?
फैसेट आर्थराइटिस होने की सबसे बड़ी वजह रीढ़ की हड्डी पर लगातार पड़ने वाला दबाव और प्राकृतिक घिसाव है। इसके मुख्य कारणों में शामिल हैं;
- बढ़ती उम्र (Aging)।
- गलत पोस्चर (Bad Posture)।
- मोटापा (Obesity)।
- पुरानी चोट या एक्सीडेंट।
- डिस्क की समस्याएं।
इससे बचाव और राहत पाने के उपाय
अगर आपको फैसेट आर्थराइटिस की शुरुआती शिकायत है, तो अपनी जीवनशैली में कुछ छोटे-छोटे बदलाव करके आप इस दर्द से काफी हद तक राहत पा सकते हैं;
- पोस्चर पर ध्यान दें।
- वजन नियंत्रित रखें।
- हल्का व्यायाम और स्ट्रेचिंग।
- सेंकाई करें।
डॉक्टर से परामर्श कब लें?
यदि कमर का दर्द और अकड़न कई हफ्तों तक लगातार बनी रहे, घरेलू उपायों से कोई आराम न मिले, या दर्द पैरों की तरफ जाने लगे, तो तुरंत किसी ऑर्थोपेडिक डॉक्टर या स्पाइन स्पेशलिस्ट से जांच कराएं। डॉक्टर आमतौर पर एक्स-रे (X-ray), सीटी स्कैन (CT Scan) या एमआरआई (MRI) के जरिए फैसेट जोड़ों की स्थिति का सही पता लगाते हैं। इसके बाद फिजियोथेरेपी, सूजन कम करने वाली दवाओं या जरूरत पड़ने पर फैसेट जॉइंट इंजेक्शन (Facet Joint Injection) के ज़रिए इस समस्या का बहुत ही प्रभावी इलाज किया जाता है। सही समय पर सही देखभाल आपको इस दर्द से पूरी तरह राहत दिला सकती है।

