करनाल में घरौंडा की नई अनाज मंडी में सोमवार देर रात दो पक्षों के बीच विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों ओर से जमकर लाठी-डंडे चले। झगड़े में दोनों पक्षों के दो-दो लोग घायल हो गए। एक पक्ष ने करीब 6 लाख रुपए लूटने का आरोप लगाया है, जबकि दूसरे पक्ष ने इसे सिरे से खारिज कर दिया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। वहीं लूट के मामले को लेकर पुलिस भी पूरी तरह से स्पष्ट नहीं है। वीआईपी पास को लेकर शुरू हुआ विवाद
जानकारी के अनुसार सोमवार देर रात मंडी में किसी बात को लेकर कहासुनी शुरू हुई, जो देखते ही देखते झगड़े में बदल गई। बताया जा रहा है कि मंडी में चल रहे पंडित प्रदीप मिश्रा की कथा कार्यक्रम के दौरान वीआईपी पास को लेकर माहौल पहले से गरम था। अलग-अलग दिन अलग पास जारी किए जा रहे थे, जिससे लोगों में असंतोष था। इसी मुद्दे को लेकर दोनों पक्षों के बीच बहस हो गई और मामला हिंसा तक पहुंच गया। पहले गाली-गलौज, फिर दुकान में घुसकर हमला: अनुराग मितल
एक पक्ष के अनुराग मितल ने आरोप लगाया कि उनका चचेरा भाई अंकुश दुकान के बाहर खड़ा था। तभी दूसरी ओर से एक युवक गालियां देता हुआ आया। अंकुश ने उसे मना किया, लेकिन वह नहीं माना। इसके बाद बहस हुई तो वे अंकुश को दुकान के अंदर ले गए। अनुराग मितल के अनुसार, कुछ देर बाद वही युवक अपने साथियों के साथ उनकी दुकान में घुस आया। उन्होंने आरोप लगाया कि हमलावरों को पता था कि दुकान पर कथा की दानराशि का कैश रखा हुआ है। उन्होंने बताया कि एक समाज की तरफ से पैसा आया था, जिसे अभी गिना भी नहीं गया था और दुकान में रखा हुआ था। इसी दौरान आरोपियों ने हमला कर दिया। उन्होंने कहा कि इस हमले में अंकुश और उन्हें चोटें आई हैं। साथ ही आरोप लगाया कि हमलावर करीब 6 लाख रुपए नकद उठाकर ले गए। अन्य सामान की जांच की जा रही है। घायल अंकुश को पहले घरौंडा के सरकारी अस्पताल ले जाया गया, जहां से उसे करनाल के सरकारी अस्पताल रेफर कर दिया गया। दूसरे पक्ष ने लूट के आरोपों को किया खारिज
दूसरे पक्ष के रोहित गुप्ता ने लूट के आरोपों को पूरी तरह निराधार बताया है। रोहित गुप्ता ने बताया कि वह शॉप नंबर 84 पर अपने भाई की दुकान पर रहते हैं और दिनभर पंडाल में सेवा व दान एकत्रित करने का काम करते हैं। उन्होंने कहा कि मंडी में वीआईपी पास को लेकर अलग-अलग दिन अलग पास जारी किए जा रहे थे, जिससे लोग आपस में चर्चा कर रहे थे। इसी दौरान अंकुश वहां आया और बहस शुरू कर दी। रोहित के अनुसार, अंकुश ने पहले उन्हें धक्का दिया, जिसके बाद उन्होंने भी जवाब में धक्का दे दिया। रोहित गुप्ता का कहना है कि उस समय मामला शांत हो गया था, लेकिन कुछ देर बाद अंकुश अपने साथियों के साथ दोबारा आया और सुनियोजित तरीके से हमला कर दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि उस समय वह और उनके चाचा, पूर्व पार्षद विकास वहां खड़े थे। इसी दौरान दूसरे पक्ष ने ईंट-पत्थरों और अन्य हथियारों से हमला कर दिया। हमले में दिव्यम घायल, शिकायत दी पुलिस को
रोहित गुप्ता ने बताया कि इस हमले में उनके भाई दिव्यम का हाथ कट गया और वह घायल हो गया। उन्होंने कहा कि उन्होंने मेडिकल करवाने के बाद पुलिस को शिकायत दे दी है। साथ ही उन्होंने दावा किया कि मंडी में किसी से भी उनके व्यवहार के बारे में पूछा जा सकता है और कोई भी यह नहीं मानेगा कि उन्होंने किसी प्रकार की लूट की है। पुलिस बोली- लूट की लिखित शिकायत नहीं, जांच जारी
घरौंडा थाना प्रभारी दीपक कुमार ने बताया कि मंडी में वीआईपी पास को लेकर दो पक्षों में विवाद हुआ था। दोनों पक्षों में लाठी-डंडे चले हैं, जिसमें कुछ लोग घायल हुए हैं। उन्होंने कहा कि 6 लाख रुपए की लूट को लेकर अभी तक कोई लिखित शिकायत नहीं मिली है। रोहित की तरफ से शिकायत आई है, जिसके आधार पर जांच शुरू कर दी गई है। दूसरे पक्ष की ओर से अभी तक कोई शिकायत नहीं दी गई है। सीसीटीवी फुटेज नहीं मिली, शांति बनाए रखने की अपील
थाना प्रभारी ने बताया कि अभी तक घटना से संबंधित कोई सीसीटीवी फुटेज पुलिस को नहीं मिली है। पुलिस मंडी में लगे अन्य कैमरों की जांच कर रही है और आसपास के लोगों से पूछताछ की जा रही है। पुलिस ने मंडी के व्यापारियों और लोगों से शांति व्यवस्था बनाए रखने की अपील की है। फिलहाल पूरे मामले की जांच जारी है और दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं।


