Ahmedabad: शहर में मच्छर जनित और जल जनित बीमारियों का प्रकोप स्वास्थ्य विभाग के लिए चिंता का विषय बना हुआ है। खासकर डेंगू के मामले लगातार बड़ी संख्या में सामने आ रहे हैं।महानगरपालिका (मनपा) के स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि अक्टूबर माह में डेंगू के 513 मरीजों की पुष्टि हुई है। इस साल जनवरी से अक्टूबर तक डेंगू के कुल 1857 मरीज सामने आ चुके हैं। चिंताजनक स्थिति यह है कि पिछले पूरे वर्ष यानी जनवरी से दिसंबर 2025 तक डेंगू के 1591 मरीज सामने आए थे।
सितंबर में सर्वाधिक 756 मरीज
शहर में इस वर्ष सितंबर माह में डेेंगू के सर्वाधिक 756 मरीजों की पुष्टि हुई थी, जबकि अक्टूबर में 513 मरीज मिले। इसके मुकाबले पिछले वर्ष सितंबर में 448 और अक्टूबर में 258 मरीज सामने आए थे। डेंगू का प्रकोप पिछले साल की तुलना में अधिक रहा है।
जलजनित रोगों में टाइफाइड के ज्यादा
मरीजडेंगू के अलावा इस वर्ष मच्छरजनित बीमारियों में मलेरिया के 63, फाल्सीपेरम के 15 और चिकनगुनिया के दो मरीज मिले हैं। वहीं, जलजनित बीमारियों में टाइफाइड के सर्वाधिक 194 मरीजों की पुष्टि हुई है। उल्टी-दस्त के 167 और पीलिया के 42 मरीज सामने आए हैं।
पानी के 20 नमूने अनफिट
महानगरपालिका ने अक्टूबर में पानी की गुणवत्ता जांचने के लिए क्लोरीन के 52,997 टेस्ट किए। इनमें 11 टेस्ट में क्लोरीन की मात्रा नहीं मिली। इसी तरह पानी के 7,569 नमूनों की जांच में 20 नमूने पीने योग्य नहीं पाए गए।
98 हजार से अधिक रक्त नमूनों की जांच
महानगरपालिका के मुख्य स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. भाविन सोलंकी के अनुसार, अक्टूबर में विभिन्न बीमारियों की जांच के लिए 98,515 रक्त नमूने लिए गए। इनमें डेंगू की जांच के लिए 12,137 सीरम नमूने लिए गए, जिनमें 513 की रिपोर्ट पॉजिटिव आई। उन्होंने बताया कि शहर के प्रभावित इलाकों में फॉगिंग, कीटनाशकों का छिड़काव और बीमारियों की रोकथाम के लिए अन्य गतिविधियां लगातार जारी हैं।

