बांग्लादेश में शेख हसीना के भारत भागने का वीडियो बनाने वाले एयरफोर्स अधिकारी केएम तौसीफ सौरी 28 अक्टूबर को ढाका की तुराग नदी में मिला। उन पर भारत की खुफिया एजेंसी RAW से जुड़े होने का आरोप लगा था। बांग्लादेश के अखबार अमर देश ने आरोप लगाया था कि एयरफोर्स की जांच में कुछ अधिकारियों के RAW से संबंध सामने आए हैं। हालांकि, बांग्लादेश के सैन्य जनसंपर्क निदेशालय ने इन आरोपों को खारिज कर दिया था। हसीना का वीडियो सामने आने के बाद नौकरी गई 5 अगस्त 2024 को बांग्लादेश में छात्र आंदोलन के बाद शेख हसीना की सरकार गिर गई थी। इसके बाद वे हेलिकॉप्टर से भारत आ गई थीं। उनका देश छोड़ने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। इस घटना के कुछ दिन बाद सितंबर 2024 में सौरी को एयरफोर्स से हटा दिया गया। उनके पिता के मुताबिक, परिवार को बताया गया था कि उन्हें अनुशासन से जुड़ी वजहों से हटाया गया है। हालांकि, परिवार का कहना था कि सौरी का रिकॉर्ड अच्छा था और वे करीब 200 घंटे विमान उड़ा चुके थे। एयरफोर्स ने भी कहा था कि उन्हें हटाने का हसीना के वीडियो से कोई संबंध नहीं था। उन्हें नियमों के तहत सेवा से रिटायर किया गया था। पॉडकास्ट में बोले थे- RAW वाली रिपोर्ट प्रोपेगेंडा थी जुलाई 2026 में सौरी ‘स्पीक विद राशिद’ नाम के पॉडकास्ट में शामिल हुए थे। उनसे पूछा गया कि क्या हसीना का वीडियो बनाने की वजह से उनकी नौकरी गई थी? इस पर उन्होंने कहा था, ‘हो सकता है।’ RAW से संबंधों के आरोपों पर उन्होंने कहा था कि अमर देश की रिपोर्ट प्रोपेगेंडा थी। उनके मुताबिक, रिपोर्ट के जरिए उनके खिलाफ गलत बातें फैलाई गई थीं। इसी पॉडकास्ट में सौरी ने 21 जुलाई 2025 को हुए फाइटर जेट हादसे की जांच पर भी सवाल उठाए थे। बांग्लादेश एयरफोर्स का एक ट्रेनिंग विमान ढाका के मिलस्टोन स्कूल एंड कॉलेज में गिर गया था। हादसे में 37 लोगों की मौत हुई थी और 170 से ज्यादा घायल हुए थे। सौरी ने विमान के रखरखाव और हादसे की जांच पर सवाल उठाए थे। पिता बोले- बेटा अपनी सुरक्षा को लेकर डरता था सौरी के पिता इनायतुल करीम हेलाल ने बताया कि पॉडकास्ट वायरल होने के बाद उनका बेटा अपनी सुरक्षा को लेकर चिंतित रहने लगा था। उन्होंने कहा कि सौरी कभी-कभी डर लगने की बात करते थे, लेकिन इसकी वजह नहीं बताते थे। ढाका ट्रिब्यून के मुताबिक, सौरी के पिता और चचेरी बहन ने उनकी हत्या किए जाने का शक जताया है। हालांकि, अभी उनकी मौत की वजह साफ नहीं हुई है। पुलिस जांच और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट से ही पता चलेगा कि उनकी मौत कैसे हुई। ——————- यह खबर भी पढ़ें…. बांग्लादेश में साजिश से गिराई गई हसीना सरकार:तख्तापलट से 2 दिन पहले यूनुस छात्रों से मिले; विदेशी पत्रकार ने मीटिंग कराई, वहीं योजना बनी बांग्लादेश में साजिश के तहत शेख हसीना की सरकार गिराई गई थी। छात्र संगठन चाहते थे कि बांग्लादेश की सरकार मोहम्मद यूनुस चलाएं। छात्रों की यूनुस से मुलाकात करवाने में न्यूज एजेंसी AFP के पत्रकार कादरुद्दीन शिशिर ने मदद की। पूरी खबर यहां पढ़ें…
पूर्व बांग्लादेशी अफसर पर RAW का जासूस होने का शक:एक दिन पहले शव मिला; हसीना के भागने का वीडियो बनाने के बाद नौकरी से निकाला गया

