कोरबा SECL के कुसमुंडा क्षेत्र में संचालित केएनआरसीएल कंपनी में डंपिंग के दौरान 100 टन क्षमता का भारी डंपर अनियंत्रित होकर पलटते हुए नीचे जा गिरा। हादसे में डंपर ऑपरेटर गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे तत्काल खदान से बाहर निकालकर नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसका इलाज जारी है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हादसे के दौरान ऑपरेटर ने डंपर से कूदकर अपनी जान बचाने की कोशिश की, लेकिन वह गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना के बाद खदान परिसर में काम कुछ देर के लिए रोकना पड़ा। एक सप्ताह में दूसरा हादसा, सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल इस घटना के बाद खदान में भारी वाहनों के संचालन और सुरक्षा मानकों के पालन को लेकर सवाल उठ रहे हैं। कोयला उत्पादन के लिए खदानों में दिन-रात भारी मशीनों और डंपरों का संचालन होता है। ऐसे में कर्मचारियों की सुरक्षा के लिए पुख्ता इंतजाम जरूरी हैं। बताया जा रहा है कि पिछले रविवार को भी इसी कंपनी का एक डंपर खदान में खड़ी मोटरसाइकिल के ऊपर चढ़ गया था। गनीमत रही कि उस समय मोटरसाइकिल पर कोई सवार नहीं था, जिससे बड़ा हादसा टल गया। एक सप्ताह के भीतर दो घटनाएं सामने आने के बाद कंपनी में भारी वाहनों के संचालन, ड्राइवरों के प्रशिक्षण और खदान के भीतर यातायात प्रबंधन को लेकर सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय युवाओं को रोजगार नहीं देने का आरोप दूसरी ओर, स्थानीय बेरोजगार युवाओं में भी कंपनी को लेकर नाराजगी बताई जा रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि खदान प्रभावित क्षेत्र होने के बावजूद स्थानीय युवाओं को रोजगार में प्राथमिकता नहीं दी जा रही है और बाहर से आए लोगों को काम पर रखा जा रहा है। लगातार सामने आ रही दुर्घटनाओं के बाद खदान की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा और सुरक्षा ऑडिट की मांग उठ रही है। हालांकि, हादसे के कारण और सुरक्षा मानकों के उल्लंघन की आधिकारिक पुष्टि की जानकारी उपलब्ध नहीं है।

