Tiger Shroff Firing Case: मुंबई के जुहू इलाके में अभिनेता टाइगर श्रॉफ की कार पर हुई फायरिंग के मामले में जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे मामला और उलझता नजर आ रहा है। राजस्थान के कोटा में ट्रेन से पकड़े गए तीन संदिग्धों में शामिल बताए जा रहे बिहार के बेगूसराय निवासी युवक की पहचान को लेकर अब सवाल खड़े हो गए हैं। जिस परिवार को पुलिस ने आरोपी का परिवार मानकर संपर्क किया था, उसने युवक को अपना बेटा मानने से इनकार कर दिया है।
रोशन बिहार के बेगूसराय से हैं या फिर नहीं
मामले में बिहार पुलिस अब ये पता लगाने में जुटी है कि कोटा में पकड़ा गया 22 वर्षीय रितिक उर्फ रोशन वास्तव में बेगूसराय के डुमरी गांव का रहने वाला है या नहीं। पुलिस के मुताबिक रितिक को दो अन्य आरोपियों के साथ राजस्थान के कोटा रेलवे स्टेशन से पकड़ा गया था। इनमें एक नाबालिग भी शामिल है। कोटा पुलिस ने दो आरोपियों की पहचान रितिक उर्फ रोशन और हरियाणा के सोनीपत निवासी रेहान के रूप में बताई थी।
मुंबई पुलिस ने तीनों को अपनी हिरासत में लिया है। शुरुआती जांच के आधार पर बताया गया था कि रितिक बिहार के बेगूसराय जिले के सिंघौल थाना क्षेत्र के डुमरी गांव का रहने वाला है। इसी जानकारी के आधार पर पुलिस ने राम बाबू महतो नाम के किराना दुकानदार से संपर्क किया और उन्हें आरोपी का पिता बताया गया।
आरोपी की तस्वीर दिखाते ही कहानी पलटी
बेगूसराय के पुलिस अधीक्षक मनीष के मुताबिक शुरुआती जानकारी में सामने आया था कि रितिक दिल्ली की एक फूड कैटरिंग एजेंसी में काम करता था और करीब तीन महीने पहले मुंबई चला गया था। हालांकि, जब पुलिस ने परिवार के सामने आरोपी की तस्वीर दिखाई तो कहानी बदल गई।
राम बाबू महतो की पत्नी ने स्थानीय मीडिया से कहा कि पुलिस ने जो तस्वीर उन्हें दिखाई है, वह उनके बेटे की नहीं है। उन्होंने पुलिस से दोषी के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग करते हुए यह भी कहा कि पुलिस को तस्वीर में दिख रहे व्यक्ति की सही पहचान करनी चाहिए और उनके बेटे का भी पता लगाना चाहिए, क्योंकि परिवार का उससे काफी समय से संपर्क नहीं हुआ है।
आरोपी की पहचान की जांच की जा रही है
पुलिस अधीक्षक ने कहा कि मुंबई पुलिस से मिले इनपुट और परिवार की ओर से सामने आई जानकारी के आधार पर आरोपी की पहचान और उसके पुराने रिकॉर्ड की जांच की जा रही है। ऐसे में फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि गिरफ्तार किया गया युवक वही रितिक है, जिसकी तलाश इस मामले में की जा रही थी।
दूसरी ओर, टाइगर श्रॉफ पर हुए हमले का वीडियो भी सामने आया है। रविवार शाम मुंबई के पॉश जुहू इलाके में उनकी कार को निशाना बनाकर बेहद करीब से गोलियां चलाए जाने का दावा किया गया है। घटना में 36 वर्षीय टाइगर श्रॉफ सुरक्षित बच गए, हालांकि उनके ड्राइवर और एक राहगीर के घायल होने की जानकारी सामने आई है।
कथित ऑडियो क्लिप भी आई सामने
हमले के बाद एक कथित ऑडियो क्लिप भी सामने आई, जिसमें अमेरिका में रहने वाले 32 वर्षीय गैंगस्टर अनिल पंडित ने हमले की जिम्मेदारी लेने का दावा किया। पंडित को लॉरेंस बिश्नोई गैंग से कथित तौर पर जुड़ा बताया जा रहा है। ऑडियो में दावा किया गया कि टाइगर श्रॉफ को सलमान खान के साथ काम नहीं करने की चेतावनी दी गई थी और चेतावनी को नजरअंदाज करने के कारण हमला किया गया।
हालांकि, इस कथित ऑडियो और हमले के पीछे बताए जा रहे कारणों की आधिकारिक पुष्टि जांच पूरी होने तक नहीं मानी जा सकती। फिलहाल पुलिस का मुख्य फोकस गिरफ्तार किए गए आरोपियों की वास्तविक पहचान, उनके आपराधिक रिकॉर्ड और हमले से उनके संबंधों की जांच पर है।

