गोंडा में घाघरा नदी खतरे निशान से एक मीटर नीचे:कटान थमने से किसानों को राहत, ब्योन्दा माझा में भी सुधरने लगे हालात

गोंडा में घाघरा नदी खतरे निशान से एक मीटर नीचे:कटान थमने से किसानों को राहत, ब्योन्दा माझा में भी सुधरने लगे हालात

गोंडा में घाघरा नदी का जलस्तर लगातार घटने से तटीय इलाकों में कटान थम गई है। शुक्रवार सुबह 9 बजे एल्गिन ब्रिज पर नदी खतरे के निशान से एक मीटर नीचे बह रही थी। इससे किसानों ने राहत की सांस ली है। अब किसान खेतों में खड़ी धान और गन्ने की फसल को बचाने में जुट गए हैं। तटीय क्षेत्र के 10 से अधिक गांवों में बाढ़ का प्रभाव कम हुआ है। हालांकि, तरबगंज तहसील का ब्योन्दा माझा गांव अभी आंशिक रूप से प्रभावित है। यहां भी धीरे-धीरे हालात सामान्य हो रहे हैं। दो महीने बाद गांव में लौटने लगी सामान्य स्थिति ब्योन्दा माझा के ग्रामीण पिछले दो महीने से बाढ़ की परेशानी झेल रहे थे। बाढ़ के कारण लोगों को रोजमर्रा के कामकाज और जीवनयापन में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। गांव के प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालय भी बंद थे। अब नदी का जलस्तर घटने के साथ हालात में सुधार होने लगा है। बीमारियों से बचाव के लिए लगेंगे स्वास्थ्य शिविर जलस्तर घटने के बाद तटीय इलाकों में संक्रामक बीमारियां फैलने की आशंका भी बढ़ गई है। इसे देखते हुए जिलाधिकारी ने स्वास्थ्य विभाग और पशु चिकित्सा विभाग को प्रभावित गांवों में शिविर लगाकर जांच और दवाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं। जिन गांवों से बाढ़ का पानी पूरी तरह उतर गया है, वहां लोगों के स्वास्थ्य की जांच की जाएगी। पशु चिकित्सा विभाग की टीमें भी पशुओं की जांच कर उन्हें जरूरी दवाएं देंगी, ताकि लोगों और पशुओं को बीमारियों से बचाया जा सके। फसल नुकसान का आकलन कर किसानों को मिलेगा मुआवजा जिलाधिकारी ने तरबगंज और करनैलगंज तहसील के अधिकारियों को बाढ़ से प्रभावित किसानों के नुकसान का आकलन कर रिपोर्ट जिला प्रशासन को सौंपने के निर्देश दिए हैं। इसके आधार पर पात्र किसानों को नियमानुसार मुआवजा उपलब्ध कराने की कार्रवाई की जाएगी। जिला आपदा विशेषज्ञ राजेश श्रीवास्तव ने बताया कि नदी का जलस्तर काफी नीचे आ गया है, जिससे कटान रुक गई है। फिलहाल जिले का कोई भी गांव बाढ़ से प्रभावित नहीं है। बाढ़ से जिन किसानों को नुकसान हुआ है, उसका आकलन कराया जा रहा है। रिपोर्ट के आधार पर मुआवजा देने की कार्रवाई की जाएगी।

​ 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *