लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए) में संपत्तियों की रजिस्ट्री कराने के लिए आवंटियों को अब अलग-अलग कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। मंगलवार से एलडीए भवन के कमेटी हॉल में तीन दिवसीय विशेष रजिस्ट्री कैंप शुरू हो गया है। 13 से 15 अक्टूबर तक चलने वाले इस कैंप में एलडीए और रजिस्ट्री कार्यालय के अधिकारी-कर्मचारी एक ही जगह मौजूद रहेंगे। जरूरत पड़ने पर कैंप की अवधि बढ़ाई भी जा सकती है। एलडीए के अपर सचिव ज्ञानेंद्र वर्मा ने बताया कि कई आवंटियों की रजिस्ट्री अलग-अलग स्तर पर अटकी रहती है। उन्हें कभी एक पटल तो कभी दूसरे पटल पर जाना पड़ता है। इसी परेशानी को दूर करने के लिए कैंप लगाया गया है। आवंटी यहां आकर रजिस्ट्री से जुड़े काम एक ही जगह करा सकेंगे। इसमें दस्तावेज तैयार कराने से लेकर रजिस्ट्री की प्रक्रिया पूरी करने तक की सुविधा मिलेगी। बसंतकुंज और ट्रांसपोर्ट नगर के मामलों पर भी जोर कैंप में बसंतकुंज योजना के फ्लैटों की रजिस्ट्री के मामलों को भी निपटाया जाएगा। इसके अलावा ट्रांसपोर्ट नगर में फ्रीहोल्ड से जुड़े ऐसे कई मामले हैं, जिनकी रजिस्ट्री होनी है। इन संपत्तियों के आवंटियों को भी कैंप से राहत मिलने की उम्मीद है। एलडीए के मुताबिक, जिन आवंटियों ने अपनी संपत्ति की पूरी कीमत जमा कर दी है, उन्हें कॉल सेंटर के माध्यम से रजिस्ट्री कराने की सूचना दी जा रही है। वहीं, जिन आवंटियों ने 80 प्रतिशत या उससे अधिक भुगतान कर दिया है, उन्हें शेष धनराशि जमा करके रजिस्ट्री कराने के लिए कहा जा रहा है। कैंप के जरिए लंबित रजिस्ट्रियों को पूरा करने की कोशिश की जा रही है। तीन दिन में कितने मामलों का निस्तारण होता है, इसके आधार पर जरूरत पड़ने पर शिविर की अवधि बढ़ाई जा सकती है।

