अंतरराष्ट्रीय पर्यटन स्थल राजगीर के नवनिर्मित खेल स्टेडियम में रविवार को पहली बार रणजी ट्रॉफी (2026-27) मुकाबले का आगाज हुआ। एलीट ग्रुप के इस मैच में बिहार और उत्तर प्रदेश की टीमें आमने-सामने हैं। मैच के पहले दिन उत्तर प्रदेश की टीम ने अपनी बल्लेबाजी का दबदबा कायम रखते हुए 84 ओवर में 3 विकेट के नुकसान पर 287 रन बना लिए हैं। यूपी के लिए ओपनर माधव कौशिक और भारतीय अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी रिंकू सिंह ने नाबाद शतक जड़कर अपनी टीम को बेहद मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया है। टॉस जीतकर बिहार के कप्तान ने पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया, जो शुरुआत में कुछ हद तक सही साबित हुआ। यूपी की टीम ने शुरुआती विकेट जल्दी गंवा दिए। उनके तीन बल्लेबाज महज 13-13 रन बनाकर आउट हो गए। लेकिन इसके बाद माधव कौशिक और रिंकू सिंह ने मोर्चा संभाला और दिन का खेल खत्म होने तक डटे रहे। माधव कौशिक ने बल्लेबाजी करते हुए 252 गेंदों में नाबाद 124 रन बनाए। वहीं, रिंकू सिंह ने 164 गेंदों का सामना करते हुए नाबाद 109 रनों की तेजतर्रार शतकीय पारी खेली। दोनों बल्लेबाजों के बीच अब तक 200 रनों की मजबूत साझेदारी हो चुकी है। दूसरी ओर, अपने ही घरेलू मैदान पर बिहार की गेंदबाजी काफी साधारण नजर आई। कप्तान ने कुल 7 गेंदबाजों का इस्तेमाल किया, जिनमें सबसे सफल स्पिनर सूरज कश्यप रहे। सूरज ने 26 ओवर में 44 रन देकर 2 महत्वपूर्ण विकेट चटकाए। वहीं, बिहार की ओर से रणजी में डेब्यू कर रहे तेज गेंदबाज मो. इजहार काफी महंगे साबित हुए और उन्होंने 14 ओवर में 64 रन लुटाए।
दोनों टीमों के लिए नया था मैदान पहले दिन का खेल (खराब रोशनी के कारण) समय से थोड़ा पहले खत्म होने के बाद बिहार क्रिकेट एसोसिएशन के मीडिया मैनेजर अभिषेक तिवारी ने प्रेस को संबोधित किया। मैच के विश्लेषण पर उन्होंने कहा कि यह पिच और मैदान दोनों ही टीमों के लिए बिल्कुल नया था, इसलिए यह समझना चुनौतीपूर्ण था कि पिच कैसा व्यवहार करेगी। सूरज कश्यप ने शानदार गेंदबाजी की, जिससे यह स्पष्ट है कि पिच स्पिनरों को मदद कर रही है। दोनों टीमों ने संतुलित खेल दिखाया है। रिंकू सिंह और माधव कौशिक के शतकों पर उन्होंने दोनों खिलाड़ियों को बीसीए परिवार की तरफ से बधाई दी। भविष्य में आईपीएल और अंतरराष्ट्रीय मैचों की जगी उम्मीद राजगीर में पहली बार आयोजित हो रहे इस बड़े घरेलू टूर्नामेंट को लेकर अभिषेक तिवारी ने कहा कि रणजी ट्रॉफी घरेलू क्रिकेट का सबसे बड़ा आयोजन है। अगर बीसीसीआई के इस टूर्नामेंट की मेजबानी राजगीर कर रहा है, तो इसका सीधा मतलब है कि यह ग्राउंड और पिच बीसीसीआई के मानकों पर पूरी तरह से खरी उतर रही है। भले ही स्टेडियम का भवन अभी पूरी तरह तैयार नहीं है और दर्शकों की एंट्री नहीं है, लेकिन बिहार सरकार ने हमें यह बेहतरीन मैदान उपलब्ध कराया है, जो हमारे लिए सौभाग्य की बात है। अंतरराष्ट्रीय पर्यटन स्थल राजगीर के नवनिर्मित खेल स्टेडियम में रविवार को पहली बार रणजी ट्रॉफी (2026-27) मुकाबले का आगाज हुआ। एलीट ग्रुप के इस मैच में बिहार और उत्तर प्रदेश की टीमें आमने-सामने हैं। मैच के पहले दिन उत्तर प्रदेश की टीम ने अपनी बल्लेबाजी का दबदबा कायम रखते हुए 84 ओवर में 3 विकेट के नुकसान पर 287 रन बना लिए हैं। यूपी के लिए ओपनर माधव कौशिक और भारतीय अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी रिंकू सिंह ने नाबाद शतक जड़कर अपनी टीम को बेहद मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया है। टॉस जीतकर बिहार के कप्तान ने पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया, जो शुरुआत में कुछ हद तक सही साबित हुआ। यूपी की टीम ने शुरुआती विकेट जल्दी गंवा दिए। उनके तीन बल्लेबाज महज 13-13 रन बनाकर आउट हो गए। लेकिन इसके बाद माधव कौशिक और रिंकू सिंह ने मोर्चा संभाला और दिन का खेल खत्म होने तक डटे रहे। माधव कौशिक ने बल्लेबाजी करते हुए 252 गेंदों में नाबाद 124 रन बनाए। वहीं, रिंकू सिंह ने 164 गेंदों का सामना करते हुए नाबाद 109 रनों की तेजतर्रार शतकीय पारी खेली। दोनों बल्लेबाजों के बीच अब तक 200 रनों की मजबूत साझेदारी हो चुकी है। दूसरी ओर, अपने ही घरेलू मैदान पर बिहार की गेंदबाजी काफी साधारण नजर आई। कप्तान ने कुल 7 गेंदबाजों का इस्तेमाल किया, जिनमें सबसे सफल स्पिनर सूरज कश्यप रहे। सूरज ने 26 ओवर में 44 रन देकर 2 महत्वपूर्ण विकेट चटकाए। वहीं, बिहार की ओर से रणजी में डेब्यू कर रहे तेज गेंदबाज मो. इजहार काफी महंगे साबित हुए और उन्होंने 14 ओवर में 64 रन लुटाए।
दोनों टीमों के लिए नया था मैदान पहले दिन का खेल (खराब रोशनी के कारण) समय से थोड़ा पहले खत्म होने के बाद बिहार क्रिकेट एसोसिएशन के मीडिया मैनेजर अभिषेक तिवारी ने प्रेस को संबोधित किया। मैच के विश्लेषण पर उन्होंने कहा कि यह पिच और मैदान दोनों ही टीमों के लिए बिल्कुल नया था, इसलिए यह समझना चुनौतीपूर्ण था कि पिच कैसा व्यवहार करेगी। सूरज कश्यप ने शानदार गेंदबाजी की, जिससे यह स्पष्ट है कि पिच स्पिनरों को मदद कर रही है। दोनों टीमों ने संतुलित खेल दिखाया है। रिंकू सिंह और माधव कौशिक के शतकों पर उन्होंने दोनों खिलाड़ियों को बीसीए परिवार की तरफ से बधाई दी। भविष्य में आईपीएल और अंतरराष्ट्रीय मैचों की जगी उम्मीद राजगीर में पहली बार आयोजित हो रहे इस बड़े घरेलू टूर्नामेंट को लेकर अभिषेक तिवारी ने कहा कि रणजी ट्रॉफी घरेलू क्रिकेट का सबसे बड़ा आयोजन है। अगर बीसीसीआई के इस टूर्नामेंट की मेजबानी राजगीर कर रहा है, तो इसका सीधा मतलब है कि यह ग्राउंड और पिच बीसीसीआई के मानकों पर पूरी तरह से खरी उतर रही है। भले ही स्टेडियम का भवन अभी पूरी तरह तैयार नहीं है और दर्शकों की एंट्री नहीं है, लेकिन बिहार सरकार ने हमें यह बेहतरीन मैदान उपलब्ध कराया है, जो हमारे लिए सौभाग्य की बात है।

