कैथल जिले के पूंडरी में विधायक और बिजली निगम के दो जूनियर इंजीनियरों के बीच विवाद लगातार बढ़ रहा है। अब धरना देकर बैठे दोनों जेई और उनके समर्थन में आए कर्मचारियों ने प्रदर्शन को आंदोलन में बदलने की चेतावनी दी है। कर्मचारियों ने कहा कि इस संबंध में अगले दो दिनों में एचएसईबी वर्कर यूनियन की राज्य स्तरीय बैठक की जाएगी। इस बैठक में आगामी आंदोलन की रणनीति बनाई जाएगी। जब तक दोनों जेई के ट्रांसफर ऑर्डर रद्द नहीं किए जाएंगे, वे संघर्ष करते रहेंगे। दूसरी ओर ट्रांसफर किए गए बिजली निगम के दो जूनियर इंजीनियरों ने नई जगह जॉइन नहीं किया है। जेई सुनील कुमार और नरेश ट्रांसफर को रंजिशन बताते हुए पूंडरी बिजली बोर्ड कार्यालय में कर्मचारियों के साथ धरने पर बैठे हैं। जॉइनिंग नहीं करने के कारण दोनों का वेतन भी रोक दिया गया है। वहीं, विधायक सतपाल जांबा ने आरोप लगाया कि दोनों जेई काम नहीं कर रहे थे और कहा कि उनके खिलाफ कार्रवाई कराई जाएगी। उन्होंने मुख्यमंत्री से भी बातचीत होने की बात कही है। जल्द करेंगे बैठक धरना प्रदर्शन कर रहे कर्मचारी दोनों जेई के समर्थन में आंदोलन की रणनीति बना रहे हैं। एचएसईबी वर्कर्स यूनियन से जुड़े कर्मचारियों का कहना है कि इस संबंध में कर्मचारी प्रदेश स्तरीय बैठक करेंगे। यह तबादला रंजिशन किया गया है। अगर जल्द ही इस फैसले को वापस नहीं लिया गया तो वे पूरे प्रदेश में आंदोलन करेंगे। यूनियन के प्रधान जितेंद्र बाकल, राममेहर, प्रवीन, सुशील व कुलदीप सिंह सहित कर्मचारियों का कहना है कि जूनियर इंजीनियरों का तबादला तुरंत प्रभाव से रद्द किया जाए। धरना खत्म न करने की चेतावनी बता दें कि कैथल जिले के पूंडरी सीट से BJP विधायक सतपाल जांबा की सिफारिश पर बिजली निगम के 2 जूनियर इंजीनियरों (JE) सुनील कुमार और नरेश का ट्रांसफर कर दिया गया। दोनों जेई ने इसे रंजिशन में किया गया, ट्रांसफर बताते हुए नए स्थान पर जॉइन करने से इनकार कर दिया। विवाद बढ़ने पर बिजली निगम के अन्य कर्मचारी भी इस विवाद में कूद पड़े और धरना शुरू कर दिया। विधायक भी इस मामले को लेकर सख्त हो गए हैं। उन्होंने कहा कि जेई तानाशाही कर रहे हैं। मैं उनके खिलाफ एक्शन लूंगा, सस्पेंड कराऊंगा।

