IAF प्रमुख Amar Preet Singh ने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ को किया याद! कहा- दुनिया ने देखी भारत की ‘विध्वंसक ताकत’, वायु सेना हर चुनौती के लिए पूरी तरह तैयार

IAF प्रमुख Amar Preet Singh ने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ को किया याद! कहा- दुनिया ने देखी भारत की ‘विध्वंसक ताकत’, वायु सेना हर चुनौती के लिए पूरी तरह तैयार

94वें भारतीय वायु सेना दिवस के अवसर पर वायु सेना प्रमुख (CAS) एयर चीफ मार्शल अमर प्रीत सिंह ने देश की सामरिक तैयारियों और परिचालन क्षमता पर बड़ा बयान दिया है। उत्तर प्रदेश के हिंडन एयर बेस पर आयोजित भव्य समारोह को संबोधित करते हुए एयर चीफ मार्शल ने कहा कि मौजूदा वैश्विक और भू-राजनीतिक (जियोपॉलिटिकल) हालात भले ही अनिश्चित और चुनौतीपूर्ण हों, लेकिन भारतीय वायु सेना (IAF) किसी भी तरह की स्थिति से निपटने के लिए “सतर्क, प्रतिबद्ध और पूरी तरह तैयार” है।

भारतीय वायु सेना (IAF) के प्रमुख एयर चीफ मार्शल अमर प्रीत सिंह ने गुरुवार को माना कि जियोपॉलिटिकल हालात अनिश्चित बने हुए हैं और दुनिया भर में नए टकराव सामने आए हैं, लेकिन उन्होंने फिर कहा कि उनकी फोर्स किसी भी तरह की स्थिति से निपटने के लिए “सतर्क, प्रतिबद्ध और तैयार” है।

इसके अलावा, 28वें चीफ ऑफ एयर स्टाफ (CAS) ने पिछले साल के ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के दौरान IAF की सफलता को याद किया और कहा कि पाकिस्तान के साथ सैन्य टकराव के दौरान पूरी दुनिया ने देश की “विध्वंसक ताकत” और “एयर डिफेंस ऑपरेशन” को “खुद देखा”। उन्होंने कहा कि “अचूक, अभेद्य और सटीक” (infallible, impervious and precise) सिर्फ एक टैगलाइन नहीं है, बल्कि यह वायु सेना की ताकत और संकल्प का प्रदर्शन है।

उत्तर प्रदेश के हिंडन एयर बेस पर 94वें वायु सेना दिवस समारोह के दौरान एक सभा को संबोधित करते हुए एयर चीफ मार्शल सिंह ने कहा, “वायु शक्ति के संरक्षक के तौर पर भारतीय वायु सेना अपनी भूमिका और जिम्मेदारियों को समझती है और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए हमेशा सतर्क, प्रतिबद्ध और तैयार रहती है।”

उन्होंने आगे कहा, “हमारा मानना ​​है कि किसी भी वायु सेना के पास दुनिया के सबसे एडवांस्ड एयरक्राफ्ट या सबसे एडवांस्ड सिस्टम हो सकते हैं, लेकिन उसकी असली ताकत उसकी ऑपरेशनल तैयारी से मापी जाती है। यानी, जब भी जरूरत हो, वह कितनी जल्दी और भरोसे के साथ कार्रवाई कर सकती है।”

सिंह ने जोर देकर कहा कि भारतीय वायु सेना की ऑपरेशनल क्षमता और तैयारी सही दिशा में आगे बढ़ रही है और पूरी फोर्स में जिम्मेदारी और जवाबदेही की संस्कृति है। उन्होंने वायु सेना की असली ताकत के तौर पर ‘एयर वॉरियर्स’ (वायु सैनिकों) को श्रेय भी दिया।

उन्होंने कहा कि कमांडर जिम्मेदारियां सौंपकर प्रभावी निर्णय लेने की प्रक्रिया को बढ़ावा दे रहे हैं और सभी एयर वॉरियर्स में नेतृत्व के गुण विकसित कर रहे हैं, और उन्हें संगठन की एक अहम कड़ी बताया।

उन्होंने कहा, “हम सभी को अपने कर्तव्यों और जिम्मेदारियों पर गर्व करना चाहिए और यह संकल्प लेना चाहिए कि हालात चाहे कितने भी चुनौतीपूर्ण क्यों न हों, हम कभी भी ऐसी कमजोर कड़ी नहीं बनेंगे जो वायु सेना की चेन की ताकत से समझौता करे।” गुरुवार को हिंडन एयर बेस पर 94वें वायु सेना दिवस का जश्न मनाया गया, जिसमें भारतीय वायु सेना के कई पूर्व प्रमुख शामिल हुए। भारतीय वायु सेना ने टरमैक पर राफेल, Su-30 MKI और जगुआर जैसे फाइटर जेट; LCH प्रचंड और ALH ध्रुव जैसे हेलीकॉप्टर; और अहम हथियार व एयर डिफेंस सिस्टम का स्टैटिक डिस्प्ले (स्थिर प्रदर्शन) किया।

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