भास्कर न्यूज|लोहरदगा उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी संदीप कुमार मीना की अध्यक्षता में बुधवार को नया नगर भवन परिसर में दुर्गा पूजा-2026 के शांतिपूर्ण, सौहार्दपूर्ण व सुरक्षित आयोजन को लेकर जिला स्तरीय शांति समिति की बैठक आयोजित हुई। बैठक में जिले के सभी प्रखंडों से आए शांति समिति के सदस्यों, पूजा समितियों से जुड़े प्रतिनिधियों, जिला स्तरीय पदाधिकारियों, प्रखंड विकास पदाधिकारियों, अंचल अधिकारियों व थाना प्रभारियों के साथ पूजा आयोजन की तैयारियों, विधि-व्यवस्था, सुरक्षा व यातायात व्यवस्था पर विस्तृत चर्चा की गई। आवश्यक निर्देश दिए गए। उपायुक्त ने कहा कि दुर्गा पूजा-2026 के सौहार्दपूर्ण व शांतिपूर्ण आयोजन को लेकर सभी आवश्यक बैठकें आयोजित की जा चुकी हैं। जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय है। पूजा समितियों व संबंधित पदाधिकारियों को पूर्व में भी आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों व पूजा समितियों को निर्देश दिया कि निर्धारित मानकों व एसओपी का अक्षरशः अनुपालन सुनिश्चित करें। मौके पर डीडीसी राज महेश्वरम, परियोजना निदेशक आईटीडीए सुषमा नीलम सोरेंग, अनुमंडल पदाधिकारी अमित कुमार, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी श्रद्धा केरकेट्टा, पुलिस उपाधीक्षक समीर तिर्की, सिविल सर्जन डॉ. राजू कच्छप, सभी जिला स्तरीय पदाधिकारी, सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी, सभी अंचल अधिकारी, सभी थाना प्रभारी, जिला परिषद सदस्य किस्को संदीप कुमार सहित जिला स्तरीय शांति समिति के सम्मानित सदस्य मौजूद थे।
उपायुक्त ने निर्देश दिया कि पूजा पंडालों के निर्माण में नायलॉन के कपड़े का इस्तेमाल नहीं किया जाए। विद्युतीय कनेक्शन में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। आगजनी की स्थिति में त्वरित बचाव के लिए प्रत्येक पूजा पंडाल में बाल्टी में बालू व कार्यशील अग्निशामक की व्यवस्था अनिवार्य रूप से सुनिश्चित की जाए। उन्होंने सभी थाना प्रभारियों को निर्देश दिया कि वे संबंधित पूजा पंडालों में इसकी उपलब्धता व कार्यशील स्थिति का प्रमाण पत्र प्राप्त करें। वहीं, कार्यपालक अभियंता, विद्युत प्रमंडल को निर्देश दिया गया कि पूजा पंडालों में विद्युतीय कनेक्शन एसओपी के अनुरूप है या नहीं, इसका प्रमाण पत्र प्राप्त करें। अस्थायी विद्युत कनेक्शन के लिए प्राप्त आवेदनों पर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया। सभी पूजा समितियों को निर्देश दिया कि पूजा पंडालों में सीसीटीवी कैमरे अनिवार्य रूप से अधिष्ठापित किए जाएं। उनके फुटेज का एक स्थान पर डिस्प्ले हो। प्रभावी मॉनिटरिंग की व्यवस्था हो। महिला व पुरुष श्रद्धालुओं के लिए अलग-अलग कतार की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। पंडाल में प्रवेश व निकास के लिए अलग-अलग मार्ग निर्धारित किए जाएं। उन्होंने पूजा पंडालों में पब्लिक एड्रेस सिस्टम की व्यवस्था रखने का निर्देश दिया। श्रद्धालुओं व आमजनों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए पंडालों के आसपास वाहनों की पार्किंग के लिए पर्याप्त व उपयुक्त स्थान सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उपायुक्त ने निर्देश दिया कि प्रतिमा विसर्जन पूर्व निर्धारित रूट व निर्धारित समय के अनुसार ही किया जाए। पूर्व निर्धारित तिथि व समय में अंतिम समय पर बदलाव नहीं किया जाए। डांडिया, रावण दहन अथवा किसी अन्य सांस्कृतिक कार्यक्रम के आयोजन से पूर्व प्रशासन को इसकी सूचना अनिवार्य रूप से दी जाए। पुलिस अधीक्षक सादिक अनवर रिजवी ने कहा कि दुर्गा पूजा के दौरान विधि-व्यवस्था को बेहतर बनाए रखने के लिए पर्याप्त संख्या में पुलिस बल व रैफ कंपनियों की तैनाती की जा रही है। अतिरिक्त पुलिस बल की भी मांग की गई है। जोन, थाना व जिला स्तर पर बैठकें आयोजित कर पूजा समितियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए जा चुके हैं। उन्होंने कहा कि सभी समुदाय आपसी भाईचारे व सौहार्द के साथ त्योहार मनाएं। लाइसेंसी व गैर-लाइसेंसी सभी पूजा समितियों को निर्धारित निर्देशों का पालन करना होगा। सभी थाना प्रभारी अपने थाना क्षेत्र में एंटी क्राइम चेकिंग को और अधिक प्रभावी बनाएं। भास्कर न्यूज|लोहरदगा उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी संदीप कुमार मीना की अध्यक्षता में बुधवार को नया नगर भवन परिसर में दुर्गा पूजा-2026 के शांतिपूर्ण, सौहार्दपूर्ण व सुरक्षित आयोजन को लेकर जिला स्तरीय शांति समिति की बैठक आयोजित हुई। बैठक में जिले के सभी प्रखंडों से आए शांति समिति के सदस्यों, पूजा समितियों से जुड़े प्रतिनिधियों, जिला स्तरीय पदाधिकारियों, प्रखंड विकास पदाधिकारियों, अंचल अधिकारियों व थाना प्रभारियों के साथ पूजा आयोजन की तैयारियों, विधि-व्यवस्था, सुरक्षा व यातायात व्यवस्था पर विस्तृत चर्चा की गई। आवश्यक निर्देश दिए गए। उपायुक्त ने कहा कि दुर्गा पूजा-2026 के सौहार्दपूर्ण व शांतिपूर्ण आयोजन को लेकर सभी आवश्यक बैठकें आयोजित की जा चुकी हैं। जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय है। पूजा समितियों व संबंधित पदाधिकारियों को पूर्व में भी आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों व पूजा समितियों को निर्देश दिया कि निर्धारित मानकों व एसओपी का अक्षरशः अनुपालन सुनिश्चित करें। मौके पर डीडीसी राज महेश्वरम, परियोजना निदेशक आईटीडीए सुषमा नीलम सोरेंग, अनुमंडल पदाधिकारी अमित कुमार, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी श्रद्धा केरकेट्टा, पुलिस उपाधीक्षक समीर तिर्की, सिविल सर्जन डॉ. राजू कच्छप, सभी जिला स्तरीय पदाधिकारी, सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी, सभी अंचल अधिकारी, सभी थाना प्रभारी, जिला परिषद सदस्य किस्को संदीप कुमार सहित जिला स्तरीय शांति समिति के सम्मानित सदस्य मौजूद थे।
उपायुक्त ने निर्देश दिया कि पूजा पंडालों के निर्माण में नायलॉन के कपड़े का इस्तेमाल नहीं किया जाए। विद्युतीय कनेक्शन में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। आगजनी की स्थिति में त्वरित बचाव के लिए प्रत्येक पूजा पंडाल में बाल्टी में बालू व कार्यशील अग्निशामक की व्यवस्था अनिवार्य रूप से सुनिश्चित की जाए। उन्होंने सभी थाना प्रभारियों को निर्देश दिया कि वे संबंधित पूजा पंडालों में इसकी उपलब्धता व कार्यशील स्थिति का प्रमाण पत्र प्राप्त करें। वहीं, कार्यपालक अभियंता, विद्युत प्रमंडल को निर्देश दिया गया कि पूजा पंडालों में विद्युतीय कनेक्शन एसओपी के अनुरूप है या नहीं, इसका प्रमाण पत्र प्राप्त करें। अस्थायी विद्युत कनेक्शन के लिए प्राप्त आवेदनों पर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया। सभी पूजा समितियों को निर्देश दिया कि पूजा पंडालों में सीसीटीवी कैमरे अनिवार्य रूप से अधिष्ठापित किए जाएं। उनके फुटेज का एक स्थान पर डिस्प्ले हो। प्रभावी मॉनिटरिंग की व्यवस्था हो। महिला व पुरुष श्रद्धालुओं के लिए अलग-अलग कतार की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। पंडाल में प्रवेश व निकास के लिए अलग-अलग मार्ग निर्धारित किए जाएं। उन्होंने पूजा पंडालों में पब्लिक एड्रेस सिस्टम की व्यवस्था रखने का निर्देश दिया। श्रद्धालुओं व आमजनों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए पंडालों के आसपास वाहनों की पार्किंग के लिए पर्याप्त व उपयुक्त स्थान सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उपायुक्त ने निर्देश दिया कि प्रतिमा विसर्जन पूर्व निर्धारित रूट व निर्धारित समय के अनुसार ही किया जाए। पूर्व निर्धारित तिथि व समय में अंतिम समय पर बदलाव नहीं किया जाए। डांडिया, रावण दहन अथवा किसी अन्य सांस्कृतिक कार्यक्रम के आयोजन से पूर्व प्रशासन को इसकी सूचना अनिवार्य रूप से दी जाए। पुलिस अधीक्षक सादिक अनवर रिजवी ने कहा कि दुर्गा पूजा के दौरान विधि-व्यवस्था को बेहतर बनाए रखने के लिए पर्याप्त संख्या में पुलिस बल व रैफ कंपनियों की तैनाती की जा रही है। अतिरिक्त पुलिस बल की भी मांग की गई है। जोन, थाना व जिला स्तर पर बैठकें आयोजित कर पूजा समितियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए जा चुके हैं। उन्होंने कहा कि सभी समुदाय आपसी भाईचारे व सौहार्द के साथ त्योहार मनाएं। लाइसेंसी व गैर-लाइसेंसी सभी पूजा समितियों को निर्धारित निर्देशों का पालन करना होगा। सभी थाना प्रभारी अपने थाना क्षेत्र में एंटी क्राइम चेकिंग को और अधिक प्रभावी बनाएं।

