पश्चिम चंपारण के श्रीनगर थाना क्षेत्र में गंडक नदी का तटबंध टूटने से बेतिया-श्रीनगर मुख्य सड़क निमुइया कुंड छोटेलाल चौक के पास बह गई थी। बुधवार को इसी टूटी सड़क को पार करते समय 38 साल के सरफुद्दीन अंसारी की तेज धार में बहने से मौत हो गई। तेज बहाव की चपेट में आ गए मृतक की पहचान बेतिया जिले के टुनिया गांव निवासी सफरूदीन अंसारी के रूप में हुई हैं। सरफुद्दीन अपने दोस्त सोनू कुरैशी के साथ बकरी खरीदकर लौट रहे थे। छोटेलाल चौक के पास टूटी सड़क पार करते समय वे तेज बहाव की चपेट में आ गए। स्थानीय लोगों ने सोनू को बचा लिया, पर सरफुद्दीन बह गए। सड़क को ठीक कराने की मांग की करीब आधे घंटे की तलाश के बाद सरफुद्दीन का शव पानी से मिला। इस हादसे से गांव में दुख छा गया है। सरफुद्दीन के छह बच्चे हैं, जिनकी मां की मौत चार साल पहले हो चुकी है। ग्रामीणों ने प्रशासन से पीड़ित परिवार को तुरंत आर्थिक मदद देने और खराब हुई सड़क को ठीक कराने की मांग की है। पश्चिम चंपारण के श्रीनगर थाना क्षेत्र में गंडक नदी का तटबंध टूटने से बेतिया-श्रीनगर मुख्य सड़क निमुइया कुंड छोटेलाल चौक के पास बह गई थी। बुधवार को इसी टूटी सड़क को पार करते समय 38 साल के सरफुद्दीन अंसारी की तेज धार में बहने से मौत हो गई। तेज बहाव की चपेट में आ गए मृतक की पहचान बेतिया जिले के टुनिया गांव निवासी सफरूदीन अंसारी के रूप में हुई हैं। सरफुद्दीन अपने दोस्त सोनू कुरैशी के साथ बकरी खरीदकर लौट रहे थे। छोटेलाल चौक के पास टूटी सड़क पार करते समय वे तेज बहाव की चपेट में आ गए। स्थानीय लोगों ने सोनू को बचा लिया, पर सरफुद्दीन बह गए। सड़क को ठीक कराने की मांग की करीब आधे घंटे की तलाश के बाद सरफुद्दीन का शव पानी से मिला। इस हादसे से गांव में दुख छा गया है। सरफुद्दीन के छह बच्चे हैं, जिनकी मां की मौत चार साल पहले हो चुकी है। ग्रामीणों ने प्रशासन से पीड़ित परिवार को तुरंत आर्थिक मदद देने और खराब हुई सड़क को ठीक कराने की मांग की है।

