बारां में डीएपी व यूरिया खाद की कमी और कालाबाजारी के खिलाफ शुक्रवार को बड़ा प्रदर्शन हुआ। युवा किसान नेता नरेश मीणा हजारों किसानों और समर्थकों के साथ जिला कलेक्ट्रेट पहुंचे और कलेक्ट्रेट को घेरा। प्रदर्शनकारी झालावाड़ के कामखेड़ा बालाजी धाम से बाइक रैली निकालकर बारां पहुंचे। रैली में किसानों ने नारेबाजी की और कई ने झाड़ू लेकर व्यवस्था के खिलाफ विरोध जताया। किसानों का आरोप है कि सरकारी समितियों पर खाद नहीं मिल रही है, जबकि खुले बाजार में महंगे दामों पर इसकी कालाबाजारी हो रही है। इससे रबी की फसल बुवाई के समय किसान परेशान हैं। नरेश मीणा ने खाद संकट के लिए लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला और अंता विधायक प्रमोद जैन भाया को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने पंचायत चुनावों में थर्ड फ्रंट के तहत चुनाव लड़ने का आह्वान किया। अटरू प्रधान वंदना नागर और उनके पति रामेश्वर नागर ने नरेश मीणा को समर्थन दिया। धरने में पूर्व मंत्री राजेंद्र गुढ़ा, कमल राठौर और रामहेत मीणा भी शामिल हुए। जिला प्रशासन ने खाद उपलब्ध कराने का भरोसा दिया है।

