बारां। आगामी पंचायत राज चुनाव को लेकर परिसीमन के बाद जिले में ग्रामीण राजनीति का गणित पूरी तरह बदल गया है। पंचायत समितियों और ग्राम पंचायतों की संख्या बढ़ने के साथ इस बार बारां जिले में 10 प्रधान, 280 सरपंच और 2542 वार्ड पंच चुने जाएंगे। हाल ही में लॉटरी प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब गांवों में चुनावी हलचल भी तेज हो गई है। नए परिसीमन से कई क्षेत्रों की सीमाएं बदली हैं, वहीं नई पंचायत समितियों और ग्राम पंचायतों के गठन से संभावित दावेदारों ने भी सक्रियता बढ़ा दी है।
पिछले पंचायत राज चुनाव के समय जिले में 8 पंचायत समितियां और 231 ग्राम पंचायतें थीं। परिसीमन के बाद अब जिले में 10 पंचायत समितियां और 280 ग्राम पंचायतें हो गई हैं। यानी इस बार दो नई पंचायत समितियां और 49 ग्राम पंचायतें बढ़ी हैं। वहीं पूर्व की चेहड़िया और नागदा ग्राम पंचायतों को घटाया गया है।
नाहरगढ़ और केलवाड़ा में भी होगा प्रधान का चुनाव
नए परिसीमन के बाद नाहरगढ़ और केलवाड़ा नई पंचायत समितियों के रूप में अस्तित्व में आई हैं। ऐसे में इस बार इन दोनों पंचायत समितियों में भी प्रधान चुना जाएगा। पंचायत समितियों की संख्या बढ़ने से ग्रामीण क्षेत्रों में राजनीतिक समीकरणों में भी बदलाव आया है।
परिसीमन के तहत जिला परिषद के भी चार नए वार्ड बनाए गए हैं। अब बारां जिला परिषद के कुल 29 वार्डों के लिए चुनाव होगा। इससे जिला परिषद की चुनावी तस्वीर भी पिछले चुनाव के मुकाबले बदली हुई नजर आएगी।
पंचायत समिति वार्ड और ग्राम पंचायतें
| पंचायत समिति | पंचायत वार्ड | ग्राम पंचायतें |
|---|---|---|
| अन्ता | 15 | 23 |
| अटरू | 19 | 34 |
| बारां | 15 | 26 |
| छबड़ा | 19 | 35 |
| छीपाबड़ौद | 25 | 38 |
| केलवाड़ा | 15 | 28 |
| किशनगंज | 15 | 28 |
| मांगरोल | 15 | 18 |
| नाहरगढ़ | 15 | 19 |
| शाहाबाद | 15 | 31 |
| कुल | 168 | 280 |
10 पंचायत समितियों में 168 वार्ड
नए परिसीमन के बाद जिले की 10 पंचायत समितियों में कुल 168 वार्ड बनाए गए हैं। वहीं 280 ग्राम पंचायतों में कुल 2542 वार्ड हैं। इन वार्डों से वार्ड पंचों का चुनाव होगा। इस तरह पंचायत समिति से लेकर ग्राम पंचायत स्तर तक इस बार बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि चुने जाएंगे।
जिले में पंचायत राज चुनाव के लिए कुल 7 लाख 99 हजार 850 मतदाता हैं। इनमें 4 लाख 9 हजार 376 पुरुष और 3 लाख 90 हजार 472 महिला मतदाता हैं। इसके अलावा दो थर्ड जेंडर मतदाता भी सूची में शामिल हैं। मतदान के लिए जिले में 886 मतदान केंद्र बनाए गए हैं।
छीपाबड़ौद में सबसे ज्यादा ग्राम पंचायतें
जिले की 10 पंचायत समितियों में ग्राम पंचायतों की संख्या भी अलग-अलग है। मांगरोल पंचायत समिति में सबसे कम 18 ग्राम पंचायतें हैं, जबकि छीपाबड़ौद में सबसे अधिक 38 ग्राम पंचायतें हैं। छीपाबड़ौद पंचायत समिति में पंचायत समिति वार्डों की संख्या भी सबसे अधिक 25 है।
नई पंचायत समितियों और ग्राम पंचायतों के गठन के बाद अब ग्रामीण क्षेत्रों में चुनावी समीकरण नए सिरे से बनेंगे। आरक्षण और लॉटरी की प्रक्रिया के बाद संभावित प्रत्याशियों की सक्रियता और बढ़ने की संभावना है। पंचायत राज चुनाव की तारीखों की घोषणा के साथ ही इन क्षेत्रों में चुनावी गतिविधियां और तेज होंगी।
यहां इतने मतदाता व मतदान केन्द्र
| पंचायत समिति | पुरुष मतदाता | महिला मतदाता | मतदान केन्द्र |
|---|---|---|---|
| अन्ता | 37,518 | 36,273 | 78 |
| अटरू | 53,062 | 50,270 | 114 |
| बारां | 40,779 | 38,732 | 93 |
| छबड़ा | 50,887 | 47,055 | 106 |
| छीपाबड़ौद | 72,610 | 69,126 | 155 |
| केलवाड़ा | 31,322 | 30,952 | 71 |
| किशनगंज | 37,456 | 36,418 | 78 |
| मांगरोल | 28,574 | 27,254 | 61 |
| नाहरगढ़ | 25,527 | 24,582 | 55 |
| शाहाबाद | 31,641 | 29,810 | 75 |
| कुल | 4,09,376 | 3,90,472 | 886 |

