किशनगंज के ठाकुरगंज स्थित एमएच आजाद नेशनल डिग्री कॉलेज से जुड़ा विवाद अब कानूनी रूप ले चुका है। अधिवक्ता रोशन जमीर और प्रो. साजिद अकरम के संयुक्त आवेदन पर आदर्श टाउन थाने में एफआईआर दर्ज की गई है। प्राथमिकी में कॉलेज के पूर्व प्राचार्य अबरार आलम, उनके बेटे असद आलम समेत अन्य लोगों पर मारपीट, जान से मारने की धमकी और रुपये छीनने के आरोप लगाए गए हैं। एसडीओ कार्यालय से निकलने के दौरान रोकने का आरोप एफआईआर के अनुसार, 15 सितंबर की शाम किशनगंज अनुमंडल पदाधिकारी कार्यालय में कॉलेज की तदर्थ समिति की बैठक हुई थी। बैठक समाप्त होने के बाद अधिवक्ता रोशन जमीर कार्यालय के गेट से बाहर निकल रहे थे। आरोप है कि इसी दौरान पूर्व प्राचार्य अबरार आलम ने उन्हें रोक लिया। आवेदन में आरोप लगाया गया है कि अबरार आलम ने गाली-गलौज करते हुए अधिवक्ता के साथ धक्का-मुक्की की और जान से मारने की नीयत से उनका गला दबाने की कोशिश की। बचाव में पहुंचे प्रोफेसर से भी धक्का-मुक्की शोर सुनकर प्रो. साजिद अकरम मौके पर पहुंचे और बीच-बचाव किया। आरोप है कि इस दौरान उनके साथ भी धक्का-मुक्की की गई और गंभीर नतीजे भुगतने की धमकी दी गई। घटना के दौरान कॉलेज के मौजूदा प्राचार्य मो. हसीब आलम, प्रो. शाकिर आलम, प्रो. कमालुद्दीन, दिलीप यादव समेत अन्य लोगों ने हस्तक्षेप किया। इसके बाद मामला शांत हुआ। फोन पर भी धमकी देने का आरोप प्राथमिकी में कहा गया है कि घटना के बाद प्रो. साजिद अकरम के मोबाइल पर एक नंबर से फोन आया। आरोप है कि कॉल करने वाले ने गाली-गलौज की और जान से मारने की धमकी दी। प्रो. साजिद अकरम ने एक दूसरी घटना का भी उल्लेख किया है। आवेदन के मुताबिक, उसी दिन शाम करीब सात बजे वह अस्पताल जा रहे थे। इसी दौरान गरीब नवाज ट्रेडर्स के पास कुछ लोगों ने उन्हें घेर लिया। 15-16 लोगों पर मारपीट का आरोप आरोप है कि पूर्व प्राचार्य के बेटे असद आलम, भोलू और 15-16 अन्य लोगों ने उनके साथ मारपीट की। उन्हें जमीन पर गिरा दिया गया। आसपास मौजूद लोगों के हस्तक्षेप के बाद उन्हें बचाया जा सका। प्राथमिकी के अनुसार, मारपीट के दौरान प्रो. साजिद अकरम की जेब से 20 हजार रुपये निकाल लिए गए। पुलिस अब इस आरोप समेत पूरी घटना की जांच कर रही है। पुलिस ने दर्ज की एफआईआर सदर टाउन थाना अध्यक्ष मुकेश कुमार ने बताया कि मामले में एफआईआर दर्ज कर ली गई है। पुलिस सभी आरोपों की जांच कर रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। किशनगंज के ठाकुरगंज स्थित एमएच आजाद नेशनल डिग्री कॉलेज से जुड़ा विवाद अब कानूनी रूप ले चुका है। अधिवक्ता रोशन जमीर और प्रो. साजिद अकरम के संयुक्त आवेदन पर आदर्श टाउन थाने में एफआईआर दर्ज की गई है। प्राथमिकी में कॉलेज के पूर्व प्राचार्य अबरार आलम, उनके बेटे असद आलम समेत अन्य लोगों पर मारपीट, जान से मारने की धमकी और रुपये छीनने के आरोप लगाए गए हैं। एसडीओ कार्यालय से निकलने के दौरान रोकने का आरोप एफआईआर के अनुसार, 15 सितंबर की शाम किशनगंज अनुमंडल पदाधिकारी कार्यालय में कॉलेज की तदर्थ समिति की बैठक हुई थी। बैठक समाप्त होने के बाद अधिवक्ता रोशन जमीर कार्यालय के गेट से बाहर निकल रहे थे। आरोप है कि इसी दौरान पूर्व प्राचार्य अबरार आलम ने उन्हें रोक लिया। आवेदन में आरोप लगाया गया है कि अबरार आलम ने गाली-गलौज करते हुए अधिवक्ता के साथ धक्का-मुक्की की और जान से मारने की नीयत से उनका गला दबाने की कोशिश की। बचाव में पहुंचे प्रोफेसर से भी धक्का-मुक्की शोर सुनकर प्रो. साजिद अकरम मौके पर पहुंचे और बीच-बचाव किया। आरोप है कि इस दौरान उनके साथ भी धक्का-मुक्की की गई और गंभीर नतीजे भुगतने की धमकी दी गई। घटना के दौरान कॉलेज के मौजूदा प्राचार्य मो. हसीब आलम, प्रो. शाकिर आलम, प्रो. कमालुद्दीन, दिलीप यादव समेत अन्य लोगों ने हस्तक्षेप किया। इसके बाद मामला शांत हुआ। फोन पर भी धमकी देने का आरोप प्राथमिकी में कहा गया है कि घटना के बाद प्रो. साजिद अकरम के मोबाइल पर एक नंबर से फोन आया। आरोप है कि कॉल करने वाले ने गाली-गलौज की और जान से मारने की धमकी दी। प्रो. साजिद अकरम ने एक दूसरी घटना का भी उल्लेख किया है। आवेदन के मुताबिक, उसी दिन शाम करीब सात बजे वह अस्पताल जा रहे थे। इसी दौरान गरीब नवाज ट्रेडर्स के पास कुछ लोगों ने उन्हें घेर लिया। 15-16 लोगों पर मारपीट का आरोप आरोप है कि पूर्व प्राचार्य के बेटे असद आलम, भोलू और 15-16 अन्य लोगों ने उनके साथ मारपीट की। उन्हें जमीन पर गिरा दिया गया। आसपास मौजूद लोगों के हस्तक्षेप के बाद उन्हें बचाया जा सका। प्राथमिकी के अनुसार, मारपीट के दौरान प्रो. साजिद अकरम की जेब से 20 हजार रुपये निकाल लिए गए। पुलिस अब इस आरोप समेत पूरी घटना की जांच कर रही है। पुलिस ने दर्ज की एफआईआर सदर टाउन थाना अध्यक्ष मुकेश कुमार ने बताया कि मामले में एफआईआर दर्ज कर ली गई है। पुलिस सभी आरोपों की जांच कर रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

