मानसा के बरेटा में सोमवार को पीआरटीसी बस और स्कूल वैन की टक्कर में करीब एक दर्जन स्कूली बच्चे घायल हो गए थे। हादसे में बुरी तरह घायल वैन ड्राइवर की मंगलवार को मौत हो गई। मृतक की पहचान 50 साल के बोबी सिंह के तौर पर हुई। मानसा जिले के बरेटा कस्बे में सुबह के समय स्कूल वैन और पीआरटीसी बस के बीच यह टक्कर हुई थी। इस हादसे में करीब एक दर्जन स्कूली बच्चे घायल हुए थे, जबकि वैन ड्राइवर बोबी सिंह भी बुरी तरह घायल हो गए थे। बाद में इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। जब स्कूल वैन के नंबर की जांच की गई तो पता चला कि यह वाहन स्वास्थ्य विभाग अमृतसर के नाम पर रजिस्टर्ड था। जानकारी के अनुसार, इसकी आरसी 2024 में रद्द हो गई थी। नीलाम वैन के संचालन पर उठे सवाल ऐसे में सवाल उठ रहे हैं कि सरकारी वाहन की नीलामी क्यों नहीं हुई। अगर यह वाहन नीलाम किया गया था, तो यह स्कूल वैन के तौर पर कैसे इस्तेमाल होने लगा। इस मामले को लेकर अब कई सवाल उठ रहे हैं। बरेटा पुलिस ने भी मामले में कार्रवाई तेज कर दी है। बता दें कि, मानसा जिले के कई निजी स्कूलों में कथित तौर पर एक्सपायर हो चुकी वैन चल रही हैं। ये वाहन रोजाना स्कूली बच्चों को लेकर सड़कों पर चलती हैं, लेकिन इनकी समय-समय पर जांच नहीं होती और न ही वाहनों की एक्सपायरी की नियमित जांच होती है। ऐसे में बच्चों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। एडवोकेट यादविंदर सिंह ने कहा कि परिवहन विभाग को निजी स्कूलों की वैन की जांच करनी चाहिए। साथ ही इन वाहनों के चालकों के ड्राइविंग लाइसेंस भी चेक होने चाहिए, ताकि ऐसे वाहन दोबारा सड़कों पर न चलें जो लोगों की जान के लिए खतरा बन सकते हैं।

