रीवा में कल्पना मिश्रा की मौत के मामले में मंगलवार को सातवें दिन भी तनाव बना रहा। मृतका के पिता ने एक बार फिर भूख हड़ताल शुरू कर दी। वहीं परिजन और समर्थक एफआईआर दर्ज कराने की मांग को लेकर अमहिया थाने पहुंच गए और थाने का घेराव किया। करीब 4 घंटे तक थाने में तनाव की स्थिति बनी रही। परिजनों का आरोप है कि कल्पना मिश्रा की मौत के मामले में जिम्मेदार लोगों के खिलाफ शिकायत देने के बावजूद पुलिस एफआईआर दर्ज नहीं कर रही है। इसी मांग को लेकर परिजन और समर्थक थाने के बाहर नारेबाजी करते रहे। उन्होंने पुलिस से तत्काल मामला दर्ज करने की मांग की। उनका कहना है कि एफआईआर दर्ज होने तक विरोध जारी रहेगा। एसडीएम बोले- जांच के बाद होगी कार्रवाई
मामले में प्रशासन की ओर से एसडीएम अनुराग तिवारी ने कहा कि बिना जांच के सीधे एफआईआर दर्ज करना सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइन के अनुरूप नहीं है। उन्होंने कहा कि शिकायत की जांच की जा रही है। जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। दूसरे पक्ष ने पुलिस पर पक्षपात का लगाया आरोप
दूसरे पक्ष ने पुलिस पर पक्षपात का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि पुलिस एक पक्ष की शिकायत पर कार्रवाई कर रही है, लेकिन कल्पना मिश्रा की मौत से जुड़े आरोपों में एफआईआर दर्ज नहीं की जा रही। इसे लेकर परिजनों और समर्थकों में नाराजगी है। सात दिन से अस्पताल और प्रशासन पर सवाल
कल्पना मिश्रा की मौत के बाद से परिजन लगातार अस्पताल और प्रशासन की कार्रवाई पर सवाल उठा रहे हैं। सोमवार से जय स्तंभ चौराहे पर कांग्रेस की ओर से धरना-प्रदर्शन भी किया जा रहा है। मंगलवार को मृतका के पिता के भूख हड़ताल पर बैठने और अमहिया थाने के घेराव के बाद मामला फिर गरमा गया। करीब 4 घंटे तक पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच बातचीत का दौर चलता रहा

