वाराणसी में माहेश्वरी समाज के तत्वावधान में रविवार को महमूरगंज स्थित माहेश्वरी भवन में भव्य शिक्षक एवं विशेष सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। समारोह की थीम ‘ज्ञान के दीपक, संस्कारों के आधार’ रही। कार्यक्रम में समाज में शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले शिक्षकों को सम्मानित किया गया। समारोह की मुख्य अतिथि डालिम्स सनबीम ग्रुप की डायरेक्टर पूजा मधोक ने शिक्षकों के योगदान की सराहना करते हुए कहा कि शिक्षक ही समाज की असली पूंजी हैं। उन्होंने कहा कि भारत की गुरु-शिष्य परंपरा सदियों से ज्ञान और संस्कारों की आधारशिला रही है। यही परंपरा भारत को विश्वगुरु बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। समारोह में भाजपा के नवनियुक्त काशी क्षेत्र के वरिष्ठ उपाध्यक्ष नवरतन राठी का माहेश्वरी समाज की ओर से विशेष सम्मान किया गया। समाज के पदाधिकारियों ने उन्हें अंगवस्त्र एवं स्मृति चिह्न भेंट कर अभिनंदन किया। सम्मान से अभिभूत नवरतन राठी ने कहा, “माहेश्वरी समाज ने मुझे जो प्यार और सम्मान दिया है, उसके लिए मैं हृदय से आभारी हूं। शिक्षक का स्थान समाज में सबसे ऊंचा है। संगठन ने मुझे जो नई जिम्मेदारी दी है, उसमें समाज और शिक्षा के क्षेत्र को साथ लेकर काशी के विकास में अपना योगदान देने का प्रयास करूंगा। यह सम्मान मेरे लिए प्रेरणा है। समारोह के दौरान माहेश्वरी समाज से जुड़े शिक्षा क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य कर रहे दर्जनों शिक्षकों को सम्मानित किया गया। इनमें डॉ. आकृति राठी, मोहनिका माहेश्वरी, गीतिका मल्ल, दीपक जाजू, लव कौशिक, श्रुति सोमानी, शशि राठी, सहित 30 शिक्षक शामिल रहे। आयोजकों ने कहा कि शिक्षकों का सम्मान समाज में ज्ञान, संस्कार और शिक्षा के प्रति सम्मान की भावना को मजबूत करता है। माहेश्वरी समाज के प्रचार मंत्री गौरव राठी ने कहा कि यह समारोह समाज के लिए दोहरी खुशी का अवसर रहा। एक ओर समाज ने अपने गुरुजनों का सम्मान किया, वहीं दूसरी ओर नवरतन राठी को भाजपा में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी मिलने पर उनका विशेष अभिनंदन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता दीपक माहेश्वरी ने की। संचालन समारोह के संयोजक डॉ. विजय काबरा एवं श्रीमती प्रीति मंत्री ने किया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन राकेश कचोलिया एवं अतिथियों का स्वागत गौरव राठी ने किया।

