पश्चिम बंगाल के न्यू फरक्का स्टेशन के पास रेलवे ट्रैक धंस गया है। मूसलाधार बारिश के कारण यह घटना हुई, जिससे ट्रेनों की आवाजाही पर बुरा असर पड़ा है। इस वजह से पाकुड़ के यात्रियों को भी काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। रेलवे ने कई ट्रेनों को रद्द कर दिया है। 4 सितंबर को 14 ट्रेनें रद्द की गई थीं, जबकि 5 सितंबर को इसी रूट पर 15 ट्रेनें रद्द की गईं। शनिवार को भी कई ट्रेनें रद्द रहीं, जिससे यात्रियों की मुश्किलें बढ़ गईं। तकनीकी टीम को जरूरी निर्देश दिए ट्रैक धंसने से हुई परेशानी को देखते हुए रेलवे के वरिष्ठ अधिकारियों ने मौके का दौरा किया। शुक्रवार को पूर्व रेलवे की महाप्रबंधक गीतिका पांडे ने भी वरिष्ठ अधिकारियों के साथ प्रभावित जगह का निरीक्षण किया। उन्होंने मौके पर मौजूद तकनीकी टीम को जरूरी निर्देश दिए। गुरुवार से ही ट्रेन सेवाओं को बहाल करने के लिए युद्ध स्तर पर मरम्मत का काम शुरू कर दिया गया था। शुक्रवार और शनिवार को भी यह काम जारी रहा। रेलवे ट्रैक की मरम्मत का कार्य तेजी से चल रहा है। ट्रेनें रद्द रहने से यात्री लौटे घर ट्रेनें रद्द होने से यात्रियों में काफी बेचैनी देखी गई। शनिवार को बड़ी संख्या में यात्री रेलवे स्टेशन पहुंचे, लेकिन ट्रेनें रद्द होने के कारण उन्हें वापस लौटना पड़ा। कई यात्रियों ने बताया कि उन्हें पश्चिम बंगाल इलाज के लिए जाना था या व्यापार के सिलसिले में यात्रा करनी थी, लेकिन ट्रेनें रद्द होने से उन्हें बहुत परेशानी हो रही है। पश्चिम बंगाल के न्यू फरक्का स्टेशन के पास रेलवे ट्रैक धंस गया है। मूसलाधार बारिश के कारण यह घटना हुई, जिससे ट्रेनों की आवाजाही पर बुरा असर पड़ा है। इस वजह से पाकुड़ के यात्रियों को भी काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। रेलवे ने कई ट्रेनों को रद्द कर दिया है। 4 सितंबर को 14 ट्रेनें रद्द की गई थीं, जबकि 5 सितंबर को इसी रूट पर 15 ट्रेनें रद्द की गईं। शनिवार को भी कई ट्रेनें रद्द रहीं, जिससे यात्रियों की मुश्किलें बढ़ गईं। तकनीकी टीम को जरूरी निर्देश दिए ट्रैक धंसने से हुई परेशानी को देखते हुए रेलवे के वरिष्ठ अधिकारियों ने मौके का दौरा किया। शुक्रवार को पूर्व रेलवे की महाप्रबंधक गीतिका पांडे ने भी वरिष्ठ अधिकारियों के साथ प्रभावित जगह का निरीक्षण किया। उन्होंने मौके पर मौजूद तकनीकी टीम को जरूरी निर्देश दिए। गुरुवार से ही ट्रेन सेवाओं को बहाल करने के लिए युद्ध स्तर पर मरम्मत का काम शुरू कर दिया गया था। शुक्रवार और शनिवार को भी यह काम जारी रहा। रेलवे ट्रैक की मरम्मत का कार्य तेजी से चल रहा है। ट्रेनें रद्द रहने से यात्री लौटे घर ट्रेनें रद्द होने से यात्रियों में काफी बेचैनी देखी गई। शनिवार को बड़ी संख्या में यात्री रेलवे स्टेशन पहुंचे, लेकिन ट्रेनें रद्द होने के कारण उन्हें वापस लौटना पड़ा। कई यात्रियों ने बताया कि उन्हें पश्चिम बंगाल इलाज के लिए जाना था या व्यापार के सिलसिले में यात्रा करनी थी, लेकिन ट्रेनें रद्द होने से उन्हें बहुत परेशानी हो रही है।

