जयपुर। केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने गुरुवार को रेल भवन में रेलवे की सुरक्षा, तकनीकी व्यवस्था और रखरखाव से जुड़े मुद्दों की विस्तृत समीक्षा की। बैठक में रेलवे बोर्ड के अध्यक्ष एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी, बोर्ड के सदस्य, जोनल रेलवे के महाप्रबंधक, महानिदेशक और मंडल रेल प्रबंधक शामिल हुए। बैठक में सुरक्षा से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर चर्चा करते हुए कमियों को जल्द दूर करने पर जोर दिया गया।
सिग्नलिंग और OHE की कमियां जल्द होंगी दूर
रेल मंत्री ने सिग्नलिंग से संबंधित तकनीकी कमियों को मिशन मोड में दूर करने के निर्देश दिए। उन्होंने ओवरहेड इक्विपमेंट (OHE) के उन कंपोनेंट्स पर विशेष ध्यान देने को कहा, जिनकी निर्धारित सेवा अवधि पूरी हो चुकी है। ऐसे उपकरणों के समय पर रखरखाव और जरूरत के अनुसार प्रतिस्थापन की कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
कोच और वैगन के रखरखाव पर विशेष जोर
कोचों के रखरखाव को लेकर रेल मंत्री ने वर्कशॉप में मेंटेनेंस का स्तर बेहतर करने को कहा। खासतौर पर फायर सेफ्टी से जुड़े इलेक्ट्रिकल सर्किट और वायरिंग की जांच एवं रखरखाव पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। इसके साथ ही कोच और वैगन के कपलर तथा पहियों के रखरखाव को भी प्राथमिकता देने को कहा गया।
ट्रैक, पॉइंट मशीन और फास्टनर की जांच के निर्देश
ट्रैक सुरक्षा के संबंध में पॉइंट मशीन, टर्नआउट और फास्टनर के उचित रखरखाव पर जोर दिया गया। जिन स्थानों पर फास्टनर उपलब्ध नहीं हैं, वहां उन्हें लगाने की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। रेलवे अधिकारियों को सुरक्षा से जुड़े ऐसे मामलों में किसी भी तरह की लापरवाही नहीं बरतने को कहा गया।
खराब सामग्री पर सप्लायर होंगे ब्लैकलिस्ट
बैठक में निम्न गुणवत्ता वाली सामग्री की आपूर्ति को लेकर भी सख्त रुख अपनाया गया। S&T, OHE, ट्रैक, कोच या वैगन से संबंधित सामग्री की गुणवत्ता में कमी मिलने पर संबंधित सप्लायर के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। जानबूझकर की गई लापरवाही के मामलों में सप्लायर को स्थायी रूप से ब्लैकलिस्ट करने को कहा गया।
यह वीडियो भी देखें :
त्योहारों में भीड़ को लेकर पहले से तैयारी
रेल मंत्री ने त्योहारों और मेलों के दौरान अचानक बढ़ने वाली यात्री भीड़ को लेकर भी अधिकारियों को सतर्क किया। उन्होंने जिला और राज्य प्रशासन के साथ समन्वय कर ऐसे स्थानों की पहले से पहचान करने और आवश्यक सुविधाओं की अग्रिम तैयारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, ताकि यात्रियों को भीड़ के दौरान किसी परेशानी का सामना न करना पड़े।

