गोंडा में जिला कार्यक्रम अधिकारी संजय कुमार को मुख्य विकास अधिकारी दयानंद प्रसाद ने कारण बताओ नोटिस जारी किया है। दैनिक भास्कर ने मामले को प्रमुखता से उठाया था। उसके बाद मामले में एक्शन हुआ। जिसमें डीपीओ द्वारा शिकायतकर्ता के फोन पर जिला पंचायत राज अधिकारी को कथित तौर पर गाली देने का मामला सामने आया था। नोटिस में कहा गया है कि डीपीओ संजय कुमार ने आचरण नियमावली का उल्लंघन करते हुए अशोभनीय और अमर्यादित शब्दों का प्रयोग किया है। उन्हें अपना जवाब कार्यालय को उपलब्ध कराने को कहा गया है ताकि मामले की जांच आगे बढ़ सके। इस प्रकरण से संबंधित एक ऑडियो रिकॉर्डिंग भी वायरल हुई है। यह नोटिस सोमवार देर रात करीब 10 बजे जारी किया गया है इसके बाद अब संजय कुमार और उनके विभाग में हड़कंप मचा हुआ है। अब समझिए पूरा मामला यह मामला 27 अगस्त का है, जब झंझरी विकासखंड के इमलिया मिश्र गांव निवासी मुकेश पांडे ने अपनी ग्राम पंचायत में हुए कार्यों को लेकर शिकायत की थी। इस शिकायत की जांच डीपीओ संजय कुमार कर रहे थे। फोन पर बातचीत के दौरान संजय कुमार ने कथित तौर पर डीपीआरओ गोवर्धन दास जैन को चार बार गाली दी और उन पर 30 प्रतिशत कमीशन लेने का आरोप भी लगाया था। डीपीआरओ गोवर्धन दास जैन ने आरोपों का खंडन करते हुए डीपीओ के गाली-गलौज को असंसदीय बताया था। सीडीओ दयानंद प्रसाद ने मंगलवार सुबह बताया कि वायरल ऑडियो रिकॉर्डिंग के संबंध में जवाब मांगा गया है। जवाब मिलने के बाद पूरी रिपोर्ट तैयार कर जिलाधिकारी (डीएम) को भेजी जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और डीएम स्तर से ही मामले में कार्रवाई होगी। सीडीओ द्वारा नोटिस जारी किए जाने के बाद डीपीओ संजय कुमार की मुश्किलें बढ़ गई हैं। इससे पहले संजय कुमार ने माफी मांगकर मामले को खत्म करने का प्रयास किया था। किसी भी अधिकारी को ऐसे शब्दों के प्रयोग करने की इजाजत नहीं दी गई है वह भी जिला स्तरीय अधिकारी है वह भी जिला स्तरीय अधिकारी है एक दूसरे का सम्मान करना चाहिए।

