मोतिहारी में दस धुर जमीन के विवाद को लेकर हुई मारपीट में एक अधेड़ व्यक्ति की मौत हो गई। इस घटना में मृतक की पत्नी और बेटी भी घायल हुई हैं। पुलिस ने घायलों को प्राथमिक उपचार के लिए सीएचसी भेजा। वहां से घायल महिला के टूटे हाथ पर प्लास्टर करने के बजाय कार्डबोर्ड बांधकर सदर अस्पताल रेफर कर दिया गया। परिजनों ने स्वास्थ्य विभाग पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि सदर अस्पताल में भी डॉक्टरों ने कार्डबोर्ड हटाने के बजाय उसी के ऊपर पट्टी बांधकर महिला को वार्ड में भर्ती कर लिया। बाद में जब यह मामला मीडिया के संज्ञान में आया, तब कार्डबोर्ड हटाकर महिला के हाथ में प्लास्टर किया गया। फिलहाल महिला का इलाज जारी है। यह मामला पूर्वी चंपारण जिले के संग्रामपुर थाना क्षेत्र के पासवान टोली का है। मृतक की पहचान संग्रामपुर वार्ड नंबर-4 निवासी रमेश पासवान के रूप में हुई है, जो पेशे से चालक थे। हमलावरों ने सिर पर लोहे की रॉड से किया वार परिजनों के अनुसार, सावन पूर्णिमा के अवसर पर जब परिवार के अन्य सदस्य मेला देखने गए थे, तब रमेश पासवान अपने घर पर मौजूद थे। इसी दौरान दुखी पासवान अपने समर्थकों के साथ वहां पहुंचे और रमेश पासवान पर हमला कर दिया। आरोप है कि हमलावरों ने रमेश पासवान के सिर पर लोहे की रॉड से वार किया, जिससे वह मौके पर ही गिर पड़े। पति को बचाने पहुंचीं उनकी पत्नी कुंती देवी और बीच-बचाव करने आई बेटी को भी आरोपियों ने मारपीट कर घायल कर दिया। तीनों के घायल होने के बाद आरोपी घटनास्थल से फरार हो गए। घटना की सूचना मिलने पर परिजन रमेश पासवान, उनकी पत्नी और बेटी को लेकर संग्रामपुर थाना पहुंचे। पुलिस ने उन्हें इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) भेजा। वहां प्राथमिक उपचार के दौरान घायल महिला के टूटे हाथ पर प्लास्टर करने के बजाय कार्डबोर्ड बांधकर सदर अस्पताल रेफर कर दिया गया। आरोप है कि सदर अस्पताल में भी डॉक्टरों ने कार्डबोर्ड हटाने के बजाय उसी के ऊपर पट्टी बांधकर महिला को वार्ड में भर्ती कर लिया। बाद में जब यह मामला मीडिया के संज्ञान में आया, तब कार्डबोर्ड हटाकर महिला के हाथ में विधिवत प्लास्टर किया गया। फिलहाल महिला का इलाज जारी है। 10 धुर जमीन को लेकर चल रहा था विवाद घायल कुंती देवी ने बताया कि उनके दरवाजे के सामने करीब दस धुर जमीन को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था। उसी जमीन पर एक हैंडपंप लगा हुआ है। रमेश पासवान ने चापाकल का हैंडल निकाल दिया था और कहा था कि जब तक जमीन की सरकारी नापी नहीं हो जाती, तब तक कोई उस चापाकल से पानी नहीं भरेगा। दूसरे पक्ष के दुखी पासवान जमीन की नापी नहीं कराना चाहते थे, जिससे विवाद लगातार बढ़ता गया और हिंसक झड़प में बदल गया। संग्रामपुर थानाध्यक्ष अनूप कुमार ने बताया कि पीड़िता के आवेदन के आधार पर प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए दो महिला आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। मोतिहारी में दस धुर जमीन के विवाद को लेकर हुई मारपीट में एक अधेड़ व्यक्ति की मौत हो गई। इस घटना में मृतक की पत्नी और बेटी भी घायल हुई हैं। पुलिस ने घायलों को प्राथमिक उपचार के लिए सीएचसी भेजा। वहां से घायल महिला के टूटे हाथ पर प्लास्टर करने के बजाय कार्डबोर्ड बांधकर सदर अस्पताल रेफर कर दिया गया। परिजनों ने स्वास्थ्य विभाग पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि सदर अस्पताल में भी डॉक्टरों ने कार्डबोर्ड हटाने के बजाय उसी के ऊपर पट्टी बांधकर महिला को वार्ड में भर्ती कर लिया। बाद में जब यह मामला मीडिया के संज्ञान में आया, तब कार्डबोर्ड हटाकर महिला के हाथ में प्लास्टर किया गया। फिलहाल महिला का इलाज जारी है। यह मामला पूर्वी चंपारण जिले के संग्रामपुर थाना क्षेत्र के पासवान टोली का है। मृतक की पहचान संग्रामपुर वार्ड नंबर-4 निवासी रमेश पासवान के रूप में हुई है, जो पेशे से चालक थे। हमलावरों ने सिर पर लोहे की रॉड से किया वार परिजनों के अनुसार, सावन पूर्णिमा के अवसर पर जब परिवार के अन्य सदस्य मेला देखने गए थे, तब रमेश पासवान अपने घर पर मौजूद थे। इसी दौरान दुखी पासवान अपने समर्थकों के साथ वहां पहुंचे और रमेश पासवान पर हमला कर दिया। आरोप है कि हमलावरों ने रमेश पासवान के सिर पर लोहे की रॉड से वार किया, जिससे वह मौके पर ही गिर पड़े। पति को बचाने पहुंचीं उनकी पत्नी कुंती देवी और बीच-बचाव करने आई बेटी को भी आरोपियों ने मारपीट कर घायल कर दिया। तीनों के घायल होने के बाद आरोपी घटनास्थल से फरार हो गए। घटना की सूचना मिलने पर परिजन रमेश पासवान, उनकी पत्नी और बेटी को लेकर संग्रामपुर थाना पहुंचे। पुलिस ने उन्हें इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) भेजा। वहां प्राथमिक उपचार के दौरान घायल महिला के टूटे हाथ पर प्लास्टर करने के बजाय कार्डबोर्ड बांधकर सदर अस्पताल रेफर कर दिया गया। आरोप है कि सदर अस्पताल में भी डॉक्टरों ने कार्डबोर्ड हटाने के बजाय उसी के ऊपर पट्टी बांधकर महिला को वार्ड में भर्ती कर लिया। बाद में जब यह मामला मीडिया के संज्ञान में आया, तब कार्डबोर्ड हटाकर महिला के हाथ में विधिवत प्लास्टर किया गया। फिलहाल महिला का इलाज जारी है। 10 धुर जमीन को लेकर चल रहा था विवाद घायल कुंती देवी ने बताया कि उनके दरवाजे के सामने करीब दस धुर जमीन को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था। उसी जमीन पर एक हैंडपंप लगा हुआ है। रमेश पासवान ने चापाकल का हैंडल निकाल दिया था और कहा था कि जब तक जमीन की सरकारी नापी नहीं हो जाती, तब तक कोई उस चापाकल से पानी नहीं भरेगा। दूसरे पक्ष के दुखी पासवान जमीन की नापी नहीं कराना चाहते थे, जिससे विवाद लगातार बढ़ता गया और हिंसक झड़प में बदल गया। संग्रामपुर थानाध्यक्ष अनूप कुमार ने बताया कि पीड़िता के आवेदन के आधार पर प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए दो महिला आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है।

