कानपुर में जाजमऊ-रामादेवी सर्विसलेन पर शुक्रवार दोपहर करीब 12 बजे सड़क का बड़ा हिस्सा अचानक धंस गया। करीब 5 मीटर लंबाई और 4 फीट गहराई तक सड़क धंसने से मौके पर हड़कंप मच गया। गनीमत रही कि हादसे के समय कोई वाहन या राहगीर इसकी चपेट में नहीं आया। सड़क धंसने के बाद स्थानीय लोगों ने आसपास पेड़ लगाकर रास्ते को घेर दिया, ताकि कोई वाहन या राहगीर गड्ढे में न गिर जाए। यह मार्ग रोजाना हजारों वाहनों के आवागमन का प्रमुख रास्ता है। स्थानीय लोगों के मुताबिक, करीब एक महीने पहले बिजली विभाग ने 33 किलोवॉट की लाइन बिछाने के लिए यहां करीब 6 फीट गहरा गड्ढा खोदा था। आरोप है कि काम पूरा होने के बाद गड्ढे को ठीक से नहीं भरा गया। इसके बाद लगातार हुई बारिश का पानी फ्लाईओवर के नीचे जमा होकर इसी जगह पहुंचता रहा। पानी के दबाव और मिट्टी के कटाव से सड़क अंदर से खोखली होती चली गई। शुक्रवार को अचानक सड़क का हिस्सा धंस गया। जाजमऊ में पहले से 18 फीट गहरा गड्ढा जाजमऊ क्षेत्र में सड़क धंसने की यह पहली घटना नहीं है। वीआईपी रोड स्थित सरैया चौराहे पर पहले से करीब 18 फीट गहरा और 5 मीटर चौड़ा गड्ढा बना हुआ है। स्थानीय लोगों के मुताबिक, वहां अब तक मरम्मत का काम शुरू नहीं हुआ है। इससे लोगों में नाराजगी है। स्थानीय निवासी प्रवीण गुप्ता, हरमिंदर सिंह और पीयूष कुमार ने बताया कि फ्लाईओवर के नीचे कई परिवार रहते हैं। यहां दर्जनों बच्चे रोजाना खेलते हैं। आसपास पहले से कई गड्ढों में बारिश का पानी भरा है और अब सड़क का हिस्सा धंसने से खतरा और बढ़ गया है। लोगों ने प्रशासन और संबंधित विभाग से तत्काल सड़क की मरम्मत कराने और गड्ढे को सुरक्षित तरीके से भरने की मांग की है।

