घोसवरी थाना क्षेत्र के तारतर और करड़ा गांव के बीच गुरुवार रात भैंस चराने को लेकर विवाद हुआ। इस दौरान फायरिंग की सूचना मिली, जिसके बाद पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। घटना रात करीब 7 बजे की बताई जा रही है। घोसवरी प्रखंड प्रमुख संजय कुमार ने बताया कि यह विवाद भैंस चराने से जुड़ा है। स्थानीय लोगों के अनुसार, तारतर गांव के लगभग 15 चरवाहे, जिनमें अरुण यादव, नितीश यादव और केदार यादव शामिल थे, भैंस चराने गए थे। इसी दौरान करड़ा गांव के कुछ चरवाहों से उनका विवाद हो गया। स्थानीय लोगों ने मारपीट होने का भी दावा किया है। विवाद के बाद दोनों पक्ष अपने-अपने घर लौट गए थे। हालांकि, स्थानीय लोगों के मुताबिक, कुछ समय बाद कुछ लोग हथियार लेकर खेत की ओर पहुंचे, जहां दोनों पक्षों के बीच फिर से विवाद हुआ और फायरिंग की सूचना मिली। ग्रामीणों ने घटनास्थल के आसपास दो दर्जन से अधिक राउंड फायरिंग होने का दावा किया है, लेकिन इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। घोसवरी थानाध्यक्ष सत्यम तिवारी ने बताया कि पुलिस की प्रारंभिक जांच में भैंस चराने को लेकर विवाद की बात सामने आई है। हालांकि, फायरिंग किसने की, यह अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है। मामले में किसी भी पक्ष की ओर से अब तक कोई लिखित आवेदन प्राप्त नहीं हुआ है। थानाध्यक्ष ने बताया कि पुलिस अज्ञात लोगों के विरुद्ध मामले की जांच कर रही है। पुलिस घटनास्थल और आसपास के लोगों से जानकारी जुटाकर फायरिंग करने वाले व्यक्ति की पहचान करने का प्रयास कर रही है। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही फायरिंग की वास्तविक स्थिति और घटना में शामिल लोगों के संबंध में स्पष्ट जानकारी सामने आ सकेगी। घोसवरी थाना क्षेत्र के तारतर और करड़ा गांव के बीच गुरुवार रात भैंस चराने को लेकर विवाद हुआ। इस दौरान फायरिंग की सूचना मिली, जिसके बाद पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। घटना रात करीब 7 बजे की बताई जा रही है। घोसवरी प्रखंड प्रमुख संजय कुमार ने बताया कि यह विवाद भैंस चराने से जुड़ा है। स्थानीय लोगों के अनुसार, तारतर गांव के लगभग 15 चरवाहे, जिनमें अरुण यादव, नितीश यादव और केदार यादव शामिल थे, भैंस चराने गए थे। इसी दौरान करड़ा गांव के कुछ चरवाहों से उनका विवाद हो गया। स्थानीय लोगों ने मारपीट होने का भी दावा किया है। विवाद के बाद दोनों पक्ष अपने-अपने घर लौट गए थे। हालांकि, स्थानीय लोगों के मुताबिक, कुछ समय बाद कुछ लोग हथियार लेकर खेत की ओर पहुंचे, जहां दोनों पक्षों के बीच फिर से विवाद हुआ और फायरिंग की सूचना मिली। ग्रामीणों ने घटनास्थल के आसपास दो दर्जन से अधिक राउंड फायरिंग होने का दावा किया है, लेकिन इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। घोसवरी थानाध्यक्ष सत्यम तिवारी ने बताया कि पुलिस की प्रारंभिक जांच में भैंस चराने को लेकर विवाद की बात सामने आई है। हालांकि, फायरिंग किसने की, यह अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है। मामले में किसी भी पक्ष की ओर से अब तक कोई लिखित आवेदन प्राप्त नहीं हुआ है। थानाध्यक्ष ने बताया कि पुलिस अज्ञात लोगों के विरुद्ध मामले की जांच कर रही है। पुलिस घटनास्थल और आसपास के लोगों से जानकारी जुटाकर फायरिंग करने वाले व्यक्ति की पहचान करने का प्रयास कर रही है। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही फायरिंग की वास्तविक स्थिति और घटना में शामिल लोगों के संबंध में स्पष्ट जानकारी सामने आ सकेगी।

