Nepal Flood: नेपाल में आई भयानक बाढ़ के बीच कई भारतीयों की जान खतरे में है। भारत के विदेश मंत्रालय के अनुसार, 288 भारतीय नागरिकों से संपर्क नहीं हो पाया है। इस आपदा में फंसे गुजरात के आणंद जिले के एक NRI दंपति का पिछले दो दिनों से कोई पता नहीं चल पाया है। अमेरिका की नागरिकता रखने वाले 46 वर्षीय बिमल पटेल और उनकी पत्नी जामिनीबेन कैलाश मानसरोवर यात्रा के दौरान अचानक आई फ्लैश फ्लड के बाद से संपर्क से बाहर हैं। गुजरात में उनका परिवार किसी अनहोनी की आशंका से डरा हुआ है, जबकि उनका 12 साल का बेटा इस बात से पूरी तरह अनजान है कि उसके माता-पिता किस मुश्किल में हैं।
16 अगस्त को नेपाल गया था दंपति
लापता व्यक्ति के भाई ने न्यूज एजेंसी PTI को बताया कि बिमल और उनकी पत्नी 28 जुलाई को अमेरिका से भारत लौटे थे और 16 अगस्त को कैलाश मानसरोवर यात्रा के लिए नेपाल गए थे। उन्होंने काठमांडू में 10 दिन बिताए और पशुपतिनाथ मंदिर जाते समय परिवार से वीडियो कॉल पर बात भी की थी। भाई के अनुसार, दंपति से आखिरी बार रविवार रात को संपर्क हुआ था। 26 तारीख की सुबह वे मानसरोवर जाने के लिए बॉर्डर पर इमिग्रेशन लाइन में खड़े थे, लेकिन उसके बाद से कोई संपर्क नहीं हो पाया है। टूर ऑपरेटर ने भी पुष्टि की है कि तब से उनके मोबाइल फोन बंद हैं।
12 साल के बेटे को नहीं पता कहां हैं मां-बाप
यात्रा पर निकलने से पहले दंपति ने अपने 12 साल के बेटे को आणंद में भाई के पास छोड़ दिया था। रिश्तेदारों ने भारी मन से बताया कि पूरा परिवार गहरे सदमे में है, फिर भी बच्चे को यह नहीं बताया गया है कि उसके माता-पिता लापता हैं। भाई ने बताया कि बच्चा अपने माता-पिता की वापसी का बेसब्री से इंतजार कर रहा है, जबकि परिवार उसके सामने अपने आंसू छिपाकर उनके सुरक्षित घर लौटने की प्रार्थना कर रहा है।
परिवार ने सांसद-विधायक से लगाई गुहार
दंपति से संपर्क न हो पाने के कारण चिंतित परिवार के सदस्यों ने प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से तुरंत दखल देने की मांग की है। परिवार ने स्थानीय सांसद, विधायक और आणंद के जिला कलेक्टर को औपचारिक पत्र सौंपकर मदद मांगी है। उन्होंने विदेश मंत्रालय और भारतीय दूतावास से भी अपील की है कि वे जमीन पर मौजूद बचाव दलों के साथ मिलकर बिमल और जामिनीबेन का जल्द से जल्द पता लगाएं और उन्हें सुरक्षित वापस लाएं।


(@ravipandey2643)