कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय द्वारा पवित्र सावन माह में अयोध्या की धरती पर मांसाहार का सार्वजनिक प्रदर्शन किया जाना करोड़ों सनातनियों की आस्था के प्रति बेहद असंवेदनशील और दुर्भाग्यपूर्ण है।यह नाराजगी भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व जिला प्रवक्ता डॉ रजनीश सिंह ने कही। उन्होंने कहा कि अजय राय को तत्काल इस कृत्य पर स्पष्टीकरण देना चाहिए और सनातन समाज की भावनाओं को आहत करने के लिए सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए। अयोध्या में आकर सनातन की आस्था से खिलवाड़ स्वीकार नहीं किया जाएगा। डॉ रजनीश सिंह ने कहा कि अयोध्या केवल एक शहर नहीं, बल्कि भगवान श्रीराम की जन्मभूमि और करोड़ों हिंदुओं की आस्था का केंद्र है। ऐसे पवित्र स्थान पर सावन जैसे धार्मिक माह में मांसाहार का प्रदर्शन करना किसी भी संवेदनशील राजनीतिक व्यक्ति को शोभा नहीं देता। उन्होंने कहा कि मैं अजय राय से पूछना चाहता हूं— क्या सनातन की भावनाओं को ठेस पहुंचाकर ही कांग्रेस की राजनीति आगे बढ़ेगी? क्या अयोध्या में आकर हिंदुओं की आस्था और धार्मिक परंपराओं का सम्मान करना इतना कठिन है? व्यक्तिगत खान-पान की स्वतंत्रता अपनी जगह है, लेकिन सार्वजनिक जीवन में आचरण और धार्मिक संवेदनशीलता की भी एक मर्यादा होती है। अयोध्या की पवित्र भूमि को राजनीतिक प्रदर्शन और धार्मिक भावनाओं को आहत करने का मंच नहीं बनाया जाना चाहिए।

