अमरोहा के डिडौली थाना क्षेत्र में तीन वर्षीय अमायरा की मौत का कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट में स्पष्ट नहीं हो सका है। चिकित्सकों ने बच्ची का विसरा सुरक्षित कर दिया है, जिसे जांच के लिए भेजा जाएगा। वहीं, फोरेंसिक टीम ने भी घटनास्थल से कुछ नमूने लेकर आगरा की लैब में भेजे हैं। उम्मीद है कि करीब एक सप्ताह में रिपोर्ट आने के बाद मौत की वजह साफ हो पाएगी। ढकिया चमन निवासी सैलून संचालक मो. रजा की बेटी अमायरा सोमवार सुबह अपनी दादी फातिमा के साथ उनकी बहन के घर गई थी। वहां से वह लापता हो गई थी। पांचवें दिन शुक्रवार सुबह गांव के तालाब में उसका शव मिला था, जिससे इलाके में सनसनी फैल गई।
पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा था, लेकिन प्रारंभिक रिपोर्ट में मौत का कारण स्पष्ट नहीं हुआ। इसके बाद पुलिस टीम ने गांव पहुंचकर बच्ची के लापता होने वाले स्थान से लेकर तालाब तक कई बिंदुओं पर गहन जांच की और आवश्यक जानकारी जुटाई। शुक्रवार शाम को परिजनों ने अमायरा के शव को सुपुर्द-ए-खाक कर दिया था।
एसपी लखन सिंह यादव ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण स्पष्ट नहीं हो सका है। विसरा सुरक्षित किया गया है, जिसका लैब में परीक्षण कराया जाएगा। डॉक्टरों ने भी अपनी अंतिम राय लैब टेस्ट की रिपोर्ट आने के बाद देने की बात कही है। पुलिस अपनी जांच जारी रखे हुए है और सभी संभावित पहलुओं पर गौर कर रही है।
इस बीच, बच्ची की मौत के मामले में एसओजी टीम ने भी जांच तेज कर दी है। टीम ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया और आसपास के इलाकों में छानबीन कर लोगों से जानकारी जुटाई। एसओजी ने संभावित स्थानों पर पहुंचकर महत्वपूर्ण सुराग जुटाए हैं। पुलिस का प्रयास है कि मामले की तह तक पहुंचकर घटना की वास्तविक सच्चाई सामने लाई जा सके। उधर, ग्रामीणों ने पुलिस से इस मामले में निष्पक्ष और गहन जांच कर जल्द से जल्द सच्चाई सामने लाने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि इस घटना के लिए जिम्मेदार व्यक्ति के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।

