ईरान जंग में अहम भूमिका निभाने वाला USS Abraham Lincoln लौट रहा अमेरिका, जानिए क्या है वजह

ईरान जंग में अहम भूमिका निभाने वाला USS Abraham Lincoln लौट रहा अमेरिका, जानिए क्या है वजह

USS Abraham Lincoln: ईरान के खिलाफ अमेरिकी सैन्य अभियान में अहम भूमिका निभाने वाला अमेरिकी विमानवाहक पोत यूएसएस अब्राहम लिंकन अब अमेरिका लौट रहा है। करीब नौ महीने की लंबी तैनाती के बाद जहाज ने मध्य पूर्व से वापसी की यात्रा शुरू कर दी है। इसके साथ करीब 5,000 नौसैनिक और मरीन भी अपने घर लौट रहे हैं।

ईरान युद्ध में निभाई अहम भूमिका

यूएसएस यूएसएस अब्राहम लिंकन ने 21 नवंबर 2025 को सैन डिएगो से अपनी यात्रा शुरू की थी। शुरुआत में इसकी तैनाती प्रशांत क्षेत्र में थी। बाद में इसे मध्य पूर्व भेज दिया गया। फरवरी 2026 में ईरान के साथ युद्ध शुरू होने के बाद इसकी भूमिका और बढ़ गई। जहाज ने अमेरिकी सैन्य अभियानों के लिए एक बड़े एयरबेस की तरह काम किया। यहां से बड़ी संख्या में लड़ाकू विमानों ने अभियान चलाए। ईरान के खिलाफ अमेरिकी सैन्य कार्रवाई में इस विमानवाहक पोत की भूमिका काफी अहम रही।

260 से ज्यादा दिन समुद्र में रहा जहाज

इस मिशन की सबसे बड़ी खासियत इसकी लंबी अवधि रही। यूएसएस अब्राहम लिंकन ने 260 से ज्यादा दिन समुद्र में बिताए। इसमें 200 से ज्यादा दिन ऐसे रहे, जब जहाज किसी बंदरगाह पर नहीं रुका। यह अमेरिकी नौसेना के लिए असाधारण रूप से लंबी तैनाती मानी जा रही है। लगातार समुद्र में रहने से जहाज और उसके चालक दल पर भारी दबाव पड़ा।

चालक दल की थकान बनी बड़ी वजह

लंबी तैनाती के दौरान जहाज पर मौजूद सैनिकों के हालात को लेकर सवाल उठे। कुछ परिवारों ने भोजन और जरूरी सामान की कमी की शिकायत की। मानसिक तनाव और थकान को लेकर भी चिंता जताई गई। इन शिकायतों के बाद अमेरिकी सांसदों ने भी मामले पर सवाल उठाए। उन्होंने नौसेना से सैनिकों की स्थिति और उनकी सुरक्षा को लेकर जवाब मांगा।

हालांकि अमेरिकी रक्षा अधिकारियों ने जहाज की स्थिति को लेकर सामने आई कई रिपोर्टों को खारिज किया है। सेंट्रल कमांड प्रमुख एडमिरल ब्रैड कूपर ने भी चालक दल के प्रदर्शन की तारीफ की। उन्होंने माना कि लंबे समय तक समुद्र में रहना बेहद कठिन होता है।

यूएएस जॉर्ज वाशिंगटन ने संभाली जिम्मेदारी

यूएसएस अब्राहम लिंकन को अब जापान स्थित यूएसएस जॉर्ज वाशिंगटन ने रिप्लेस कर दिया है। विमानवाहक पोत यूएएस जॉर्ज वाशिंगटन मध्य पूर्व पहुंच चुका है। इससे यूएसएस यूएसएस अब्राहम लिंकन के चालक दल को वापस लौटने का मौका मिला है।

करीब तीन हफ्ते में पहुंचेगा सैन डिएगो

अब यूएसएस यूएसएस अब्राहम लिंकन का अगला पड़ाव उसका घरेलू बेस सैन डिएगो है। जहाज को वहां पहुंचने में करीब तीन सप्ताह लग सकते हैं। लंबे समय से अपने परिवारों से दूर रहे हजारों सैनिकों के लिए यह वापसी बड़ी राहत लेकर आई है। यानी यूएसएस यूएसएस अब्राहम लिंकन की वापसी सिर्फ नियमित सैन्य रोटेशन नहीं है। यह करीब नौ महीने चले एक बेहद लंबे और तनावपूर्ण मिशन का अंत भी है।

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