कैमूर जिले के चैनपुर थाना क्षेत्र के घाटी गांव में एक 15 वर्षीय किशोरी की सांप के डसने से मौत हो गई। घर में सोई हुई सुमन कुमारी को सांप ने डसा था। वह घाटी गांव निवासी रामअजोर राम की पुत्री थी। परिजनों ने बताया कि मंगलवार रात सुमन खाना खाकर अपने कमरे में सोई थी। बुधवार सुबह भोर में उसे सांप ने डस लिया। किशोरी ने तुरंत इसकी जानकारी परिवार को दी। घटना के बाद परिजन अंधविश्वास के कारण उसे झाड़-फूंक के लिए ढेड़ुआ भरारी स्थित अमवा सती माता मंदिर ले गए। इलाज के समय गई जान मंदिर में काफी देर तक झाड़-फूंक कराने के बावजूद किशोरी की हालत में सुधार नहीं हुआ, बल्कि वह और बिगड़ने लगी। इसके बाद परिजन उसे भभुआ सदर अस्पताल ले गए। चिकित्सकों ने उसे तुरंत भर्ती कर उपचार शुरू किया, लेकिन इलाज के दौरान ही सुमन ने दम तोड़ दिया। मृतका के चाचा प्रमोद कुमार ने अस्पताल पहुंचकर बताया कि समय पर समुचित इलाज न मिलने के कारण बच्ची की जान नहीं बचाई जा सकी। सूचना मिलने पर पुलिस अस्पताल पहुंची और शव को कब्जे में लिया। कागजी प्रक्रिया पूरी कर पंचनामा तैयार किया गया। इसके बाद सदर अस्पताल में शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया गया। कैमूर जिले के चैनपुर थाना क्षेत्र के घाटी गांव में एक 15 वर्षीय किशोरी की सांप के डसने से मौत हो गई। घर में सोई हुई सुमन कुमारी को सांप ने डसा था। वह घाटी गांव निवासी रामअजोर राम की पुत्री थी। परिजनों ने बताया कि मंगलवार रात सुमन खाना खाकर अपने कमरे में सोई थी। बुधवार सुबह भोर में उसे सांप ने डस लिया। किशोरी ने तुरंत इसकी जानकारी परिवार को दी। घटना के बाद परिजन अंधविश्वास के कारण उसे झाड़-फूंक के लिए ढेड़ुआ भरारी स्थित अमवा सती माता मंदिर ले गए। इलाज के समय गई जान मंदिर में काफी देर तक झाड़-फूंक कराने के बावजूद किशोरी की हालत में सुधार नहीं हुआ, बल्कि वह और बिगड़ने लगी। इसके बाद परिजन उसे भभुआ सदर अस्पताल ले गए। चिकित्सकों ने उसे तुरंत भर्ती कर उपचार शुरू किया, लेकिन इलाज के दौरान ही सुमन ने दम तोड़ दिया। मृतका के चाचा प्रमोद कुमार ने अस्पताल पहुंचकर बताया कि समय पर समुचित इलाज न मिलने के कारण बच्ची की जान नहीं बचाई जा सकी। सूचना मिलने पर पुलिस अस्पताल पहुंची और शव को कब्जे में लिया। कागजी प्रक्रिया पूरी कर पंचनामा तैयार किया गया। इसके बाद सदर अस्पताल में शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया गया।

