‘एक ऐड के मिलते है 15-20 करोड़, फिर भी नहीं करूंगा’, सनी देओल ने खोला राज, क्यों नहीं करते गुटखा-मसाला का विज्ञापन?

‘एक ऐड के मिलते है 15-20 करोड़, फिर भी नहीं करूंगा’, सनी देओल ने खोला राज, क्यों नहीं करते गुटखा-मसाला का विज्ञापन?

Sunny Deol 15 crore ad: सनी देओल अपनी फिल्मों और दमदार डायलॉग्स के लिए तो फेमस हैं ही, लेकिन विज्ञापनों को लेकर उनका एक अलग ही उसूल है। एक हालिया बातचीत में जब उनसे पूछा गया कि शाहरुख खान, अमिताभ बच्चन और सलमान खान जैसे सितारे जहां अलग-अलग प्रोडक्ट्स के विज्ञापन करते हैं, वहीं वो इससे दूर क्यों रहते हैं, तो सनी ने अपने फैसले के पीछे की वजह साफ कर दी।

एक्टर ने कहा कि उन्हें ऐसे प्रोडक्ट का प्रचार करना पसंद नहीं है, जिस पर वो खुद भरोसा नहीं करते। खासतौर पर गुटखा और मसाला जैसे प्रोडक्ट्स के विज्ञापन करने से उन्होंने साफ इनकार किया। उनके मुताबिक, कई ऐसे ऑफर उनके पास आते हैं, लेकिन वह उन्हें स्वीकार नहीं करते।

‘मैं उस चीज को प्रमोट नहीं करना चाहता, जिस पर विश्वास नहीं’

सनी देओल ने कहा कि वह ऐसा कोई काम नहीं करना चाहते, जो उनकी अपनी सोच और विश्वास के खिलाफ हो। उनका मानना है कि अगर वह खुद किसी चीज को सही नहीं मानते तो सिर्फ पैसे के लिए उसका प्रचार करना उनके लिए सही नहीं होगा।

उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि वह कई चीजें नहीं करते क्योंकि उनका जमीर उन्हें इसकी इजाजत नहीं देता। उनके लिए किसी ब्रांड को प्रमोट करने से पहले यह जरूरी है कि वह खुद उस चीज में विश्वास करते हों।

एक विज्ञापन से मिल सकते हैं 15-20 करोड़

बातचीत के दौरान सनी देओल से यह भी पूछा गया कि जब एक विज्ञापन से उन्हें 15-20 करोड़ रुपये तक मिल सकते हैं और इतनी रकम कई महीनों की फिल्म से होने वाली कमाई के बराबर हो सकती है, तो क्या इतना बड़ा पैसा उन्हें आकर्षित नहीं करता?

इस पर सनी ने माना कि पैसा निश्चित तौर पर आकर्षित करता है। लेकिन उनका कहना था कि जब किसी काम को सिर्फ पैसे के लिए करने का विचार उनके मन में आता है, तो वह खुद से सवाल करने लगते हैं कि आखिर वह ऐसा क्यों कर रहे हैं और क्या वह वास्तव में उस काम को करना चाहते हैं। उनके मुताबिक, अगर अंदर से जवाब नहीं मिलता तो वह उस फैसले से पीछे हट जाते हैं।

‘कर्ज में था, तब भी खुद से खुश था’

सनी देओल से ये भी सवाल किया गया कि जब उनके करियर के एक दौर में फिल्मों की कमी और कर्ज जैसी परेशानियों की खबरें सामने आई थीं, तब क्या विज्ञापनों से मिलने वाला पैसा उनकी आर्थिक मुश्किलें दूर कर सकता था?

एक्टर ने कहा कि कई चीजें ऐसी थीं जिन्हें वह नहीं कर सकते थे और आज भी नहीं करना चाहते। उन्होंने यह भी कहा कि वो अपने फैसलों से खुश हैं। सनी ने याद किया कि जब वह कर्ज में थे, तब भी वह खुद से परेशान या दुखी नहीं थे। उनके मुताबिक, उस दौर में भी वह अपनी जिंदगी जी रहे थे और खुद के साथ खुश थे।

‘मैं वैसा बना ही नहीं हूं’

सनी देओल का कहना है कि वह खुद को उस तरह का इंसान नहीं मानते जो सिर्फ पैसे या शोहरत के लिए अपनी पसंद और सिद्धांतों से समझौता कर ले। दरअसल, उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उनके पास विज्ञापन के ऑफर आते हैं, लेकिन हर ऑफर को स्वीकार करना जरूरी नहीं समझते। उनके लिए यह ज्यादा मायने रखता है कि वह जिस चीज को लोगों के सामने पेश कर रहे हैं, उस पर खुद विश्वास करते हों। इसी वजह से करोड़ों रुपये की संभावित कमाई के बावजूद सनी देओल गुटखा-मसाला जैसे प्रोडक्ट्स का विज्ञापन करने से दूर रहे हैं।

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