सिद्धार्थनगर के इटवा क्षेत्र की एक विवाहिता ने ससुराल पक्ष पर दहेज के लिए प्रताड़ित करने और मारपीट कर घर से निकालने का आरोप लगाया है। शादी के महज पांच महीने बाद हुई इस घटना में महिला थाना पुलिस ने पति समेत छह लोगों के खिलाफ दहेज प्रतिषेध अधिनियम और भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। इटवा क्षेत्र की सरिता जायसवाल की शादी 8 फरवरी 2026 को बस्ती जिले के सोनहा थाना क्षेत्र के बनरही जंगल निवासी सोनू जायसवाल से हुई थी। सरिता के मुताबिक, शादी में मायके पक्ष ने अपनी क्षमता के अनुसार करीब तीन लाख रुपए नकद और गृहस्थी का जरूरी सामान दिया था। आरोप है कि ससुराल पहुंचने के बाद पति सोनू जायसवाल और परिवार के अन्य सदस्य अतिरिक्त दहेज के रूप में दो लाख रुपए और बाइक की मांग करने लगे। मांग पूरी न होने पर मारपीट और धमकी का आरोप एफआईआर के अनुसार, पति सोनू जायसवाल, ससुर गंगासागर, सास माया देवी, ननद रीना, देवर विपिन और परिवार की एक अन्य महिला पर लगातार दहेज के लिए दबाव बनाने का आरोप है। विवाहिता का कहना है कि मांग पूरी न होने पर उसके साथ गाली-गलौज और मारपीट की जाती थी। उसे जान से मारने की धमकी भी दी गई। पंचायत के बाद दोबारा ससुराल गई, फिर निकाला सरिता के अनुसार, विवाद बढ़ने पर 2 जुलाई को महिला थाना में दोनों पक्षों के बीच पंचायत हुई थी। इसके बाद उसे दोबारा ससुराल भेजा गया, लेकिन हालात नहीं सुधरे। आरोप है कि कुछ दिनों बाद फिर दहेज की मांग को लेकर उसके साथ मारपीट की गई और 14 जुलाई को उसे घर से निकाल दिया गया। इसके बाद वह मायके लौट आई। शिकायत के बाद दर्ज हुआ मुकदमा विवाहिता ने घटना के बाद पुलिस अधीक्षक से शिकायत की थी। बाद में प्रार्थना पत्र को जांच के लिए महिला थाना भेजा गया। जांच के बाद पुलिस ने पति समेत छह लोगों के खिलाफ दहेज प्रतिषेध अधिनियम की धारा 3 और 4 तथा बीएनएस की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया। मामले की विवेचना निरीक्षक भाग्यवती पांडेय को सौंपी गई है।


