नीट-यूजी परीक्षा में कथित पेपर लीक और रद्द होने के मुद्दे पर कांग्रेस ने देशभर में विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया है। इसी कड़ी में शुक्रवार शाम विदिशा में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने माधवगंज चौराहे पर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का पुतला दहन कर उनके इस्तीफे की मांग की। शुक्रवार शाम बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता विदिशा के माधवगंज चौराहे पर इकट्ठा हुए। उन्होंने नीट-यूजी परीक्षा में पेपर लीक और धांधली के आरोपों को लेकर केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन के दौरान केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का पुतला भी फूंका गया। पुलिस ने पुतले को आग लगने से रोकने का प्रयास किया, लेकिन कार्यकर्ताओं के विरोध के चलते पुतला पूरी तरह जल गया। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार के कार्यकाल में लगातार पेपर लीक और भर्ती परीक्षाओं में गड़बड़ी के मामले सामने आ रहे हैं। इससे देश के लाखों युवाओं का भविष्य प्रभावित हो रहा है। नेताओं ने कहा कि 22 लाख से अधिक छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ हुआ है, जिसकी नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री को इस्तीफा देना चाहिए। कांग्रेस नेता महेंद्र वर्मा ने बताया कि पिछले 10 वर्षों में कई बार पेपर लीक की घटनाएं हुई हैं, जिससे छात्र और युवा वर्ग में भारी आक्रोश है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस पूरे मामले में बड़े कोचिंग संस्थान और प्रभावशाली लोग शामिल हैं, इसलिए छोटे लोगों के बजाय ‘बड़े मगरमच्छों’ पर कार्रवाई होनी चाहिए। कांग्रेस ने चेतावनी दी है कि यदि सरकार ने इस मामले में सख्त कदम नहीं उठाए, तो आने वाले दिनों में आंदोलन को और उग्र किया जाएगा।


