सोनभद्र में बुधवार शाम आए तेज आंधी-तूफान ने भारी तबाही मचा दी। इस प्राकृतिक आपदा में अब तक चार लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि जन-धन को भी व्यापक नुकसान पहुंचा है। प्रशासन के प्रारंभिक सर्वे में 81 घरों के क्षतिग्रस्त होने की जानकारी सामने आई है। इसके अलावा एक पशु की भी मौत हुई है। मृतकों में खड़ुई कला गांव निवासी महेंद्र कुमार (38) शामिल हैं, जिनकी बुधवार को आंधी-तूफान के दौरान मौत हो गई थी। दूसरी घटना सोनभद्र के रामपुर बरकोनिया थाना क्षेत्र के डोमरिया गांव की है। यहां रामविलास (51) अपने घर के पीछे कूड़ा इकट्ठा कर रहे थे। इसी दौरान तेज आंधी में एक पेड़ उनके ऊपर गिर गया, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। वहीं कोन थाना क्षेत्र के हर्रा गांव के टोला बिलरुआ निवासी कमलावती (35) पत्नी रामनरेश बुधवार शाम करीब छह बजे पड़ोसी के घर से लौट रही थीं। तभी तेज हवा के चलते एक पेड़ उनके ऊपर गिर पड़ा। ग्रामीणों ने उन्हें पेड़ की डालियों के नीचे से निकाला, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। एक अन्य घटना रायपुर थाना क्षेत्र के पौनी गांव में हुई। यहां जितेंद्र (30) पुत्र कैलाश बुधवार शाम घर के पास खड़े थे, तभी तेज आंधी में पेड़ की मोटी टहनी टूटकर उन पर गिर गई। गंभीर रूप से घायल जितेंद्र को वैनी अस्पताल ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें घर भेज दिया गया था। गुरुवार दोपहर उनकी हालत अचानक बिगड़ गई। दोबारा अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने सभी शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।


