Thalapathy Vijay TVK election victory 2026: तमिलनाडु की सियासत में आज एक नया सूरज उगा है। दक्षिण भारतीय फिल्मों के सुपरस्टार थलपति विजय और उनकी पार्टी ‘तमिलगा वेट्री कजगम’ (TVK) ने विधानसभा चुनाव में वह कर दिखाया है, जिसे लोग करिश्मा कह रहे हैं। चुनाव आयोग के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, विजय की पार्टी ने 234 में से 110 सीटों पर कब्जा जमा लिया है। सड़कों पर पटाखों की गूंज है, समर्थकों का सैलाब उमड़ पड़ा है और रश्मिका मंदाना से लेकर नयनतारा तक उन्हें बधाई दे रही हैं। लेकिन, इस सुनहरी जीत के पीछे एक ऐसा अंधेरा भी है जिसे नजरअंदाज करना नामुमकिन है। विजय आज तमिलनाडु की जनता के लिए ‘थलपति’ (सेनापति) तो बन गए, लेकिन एक पिता और पति के तौर पर वह अपनी ही नजरों में शायद हार गए हैं।
विजय थलापति का टूटा परिवार (Vijay won Election but loses her family)
नतीजों के बाद विजय सबसे पहले अपने माता-पिता का आशीर्वाद लेने पहुंचे थे। बालकनी से उन्होंने हाथ हिलाकर समर्थकों का अभिवादन भी किया, पिता एस.ए. चंद्रशेखर और मां शोभा के साथ उनकी तस्वीरें भी आईं, लेकिन पूरे फ्रेम से उनकी पत्नी संगीता और दोनों बच्चे गायब दिखे। जिस समय पूरा देश विजय के नाम के जयकारे लगा रहा था, उनके अपने बेटे और बेटी की खामोशी ने कई सवाल खड़े कर दिए।

बेटे जेसन संजय ने पिता को किया अनफॉलो (Jason Sanjay unfollows Vijay)
विजय के 26 साल के बेटे जेसन संजय, जो खुद निर्देशन की दुनिया में कदम रख चुके हैं, उन्होंने इस ऐतिहासिक जीत पर एक शब्द तक नहीं कहा। बताया जाता है कि जेसन ने अपने पिता को सोशल मीडिया पर काफी पहले ही अनफॉलो कर दिया था। चर्चा तो यहां तक है कि वह अपने नाम से पिता का ‘सरनेम’ तक हटाने का फैसला कर चुके हैं। पिता-पुत्र के बीच की यह खाई विजय के कथित अफेयर की खबरों के बाद और गहरी हो गई है। ठीक यही हाल उनकी बेटी दिव्या साशा का भी है, जिन्होंने इस बड़ी जीत पर चुप्पी साध रखी है।

पत्नी ने लगाए विजय पर संगीन आरोप (Vijay and Trisha Krishnan relationship news)
विजय की पत्नी संगीता सोरनलिंगम, जिनसे उन्होंने 1999 में शादी की थी, वह पिछले दो साल से उनसे अलग रह रही हैं। संगीता ने तलाक की अर्जी में विजय पर मानसिक प्रताड़ना और अपमान के गंभीर आरोप लगाए हैं। संगीता का वह बयान आज फिर चर्चा में है, जिसमें उन्होंने कहा था कि जब एक एक्ट्रेस उनके पति के साथ वेकेशन की तस्वीरें डाल रही थीं, तब वह खुद को बेहद ‘असहाय’ महसूस कर रही थीं।

तृषा कृष्णन के बर्थडे और जीते विजय
संयोग देखिए कि 4 मई को ही तृषा कृष्णन का 43वां जन्मदिन था और उसी दिन विजय की जीत का ऐलान हुआ। सुबह तिरुमाला मंदिर में दर्शन करने के बाद तृषा सीधे विजय के घर पहुंचीं। जहां पत्नी संगीता घर से दूर थीं, वहीं तृषा की मौजूदगी ने उनके अफेयर की अफवाहों को और हवा दे दी जो पिछले कई सालों से विजय के निजी जीवन में तूफान लाए हुए हैं।
जीतकर भी हार गए विजय?
तमिलनाडु ने विजय को अपना भविष्य का नेता मान लिया है। वह शायद जल्द ही मुख्यमंत्री की कुर्सी पर भी बैठें, लेकिन क्या यह जीत उस खालीपन को भर पाएगी जो उनके घर में पसरा है? फिल्मी हस्तियों और करोड़ों प्रशंसकों का प्यार एक तरफ, और अपने बच्चों की नफरत भरी चुप्पी दूसरी तरफ। सच तो यह है कि आज विजय दुनिया के लिए ‘थलपति’ तो हैं, लेकिन अपने परिवार के लिए शायद वह अब भी ‘जीरो’ ही रह गए हैं।


