कानपुर। शहर और आसपास के क्षेत्रों में मौसम एक बार फिर बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार रविवार देर रात से सोमवार सुबह तक कानपुर मंडल में तेज हवाओं के साथ बादल गरजने और बारिश होने की संभावना है। दिनभर की उमस और तेज गर्मी के बाद यह बदलाव लोगों के लिए राहत भरा हो सकता है, लेकिन अचानक मौसम बदलने से दिक्कतें भी बढ़ सकती हैं। कई इलाकों में बादल तेजी से घिर सकते हैं और कुछ जगहों पर बूंदाबांदी से लेकर मध्यम बारिश तक देखने को मिल सकती है।
सीएसए के वैज्ञानिक ने जताई संभावना
चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (सीएसए) के मौसम वैज्ञानिक सुनील पांडे ने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने और स्थानीय स्तर पर नमी बढ़ने के कारण मौसम में यह बदलाव हो रहा है। उन्होंने कहा कि देर रात से बादल सक्रिय होंगे और गरज-चमक के साथ बारिश की स्थिति बन सकती है। कुछ क्षेत्रों में तेज हवा के साथ झोंकेदार बारिश होने की भी संभावना है। वैज्ञानिकों के अनुसार यह सिस्टम अचानक सक्रिय होता है, इसलिए लोगों को पहले से सावधान रहना बेहद जरूरी है।
30 से 50 किमी/घंटा तक चल सकती हैं हवाएं
मौसम विभाग के अनुसार इस दौरान तेज हवाएं चल सकती हैं जिनकी रफ्तार 30 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने का अनुमान है। ऐसी स्थिति में कमजोर पेड़, होर्डिंग, टिनशेड और अस्थायी ढांचे को नुकसान पहुंच सकता है। खुले में खड़े वाहन भी प्रभावित हो सकते हैं। लोगों को सलाह दी गई है कि तेज हवा और बारिश के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहें और अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचें। खासकर रात के समय यात्रा करने वालों को अतिरिक्त सतर्कता बरतने की जरूरत है।
तापमान में आएगी गिरावट, मिलेगी राहत
बारिश और तेज हवाओं के कारण तापमान में गिरावट दर्ज की जा सकती है, जिससे पिछले कई दिनों से जारी भीषण गर्मी और उमस से राहत मिलने की उम्मीद है। दिन के समय बढ़ती गर्मी से लोग काफी परेशान थे, ऐसे में यह बदलाव मौसम को सुहावना बना सकता है। हालांकि, बारिश के कारण कुछ निचले इलाकों में जलभराव की समस्या भी उत्पन्न हो सकती है, जिससे यातायात प्रभावित होने की आशंका है। शहर के व्यस्त मार्गों पर जाम की स्थिति भी बन सकती है।
प्रशासन अलर्ट, लोगों से सावधानी बरतने की अपील
मौसम के इस संभावित बदलाव को देखते हुए प्रशासन ने अलर्ट जारी कर दिया है और सभी संबंधित विभागों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। बिजली गिरने की संभावना को देखते हुए लोगों से खुले मैदान, पेड़ों के नीचे और ऊंचे स्थानों से दूर रहने की अपील की गई है। साथ ही किसानों को भी अपनी फसल और उपकरण सुरक्षित स्थान पर रखने की सलाह दी गई है। आपातकालीन सेवाओं को तैयार रखा गया है ताकि किसी भी स्थिति से तुरंत निपटा जा सके।


