मोहाली जिले में दर्ज एक FIR पर कार्रवाई नहीं होने से परेशान एक व्यक्ति को आखिरकार हाईकोर्ट का रुख अपनाना पड़ा। कोर्ट ने अब मामले में दखल देते हुए SSP मोहाली पुलिस को शिकायत पर गंभीरता से कदम उठाने के निर्देश दिए हैं। अदालत ने परिवार की 20 मार्च की शिकायत की जांच करने और जल्द कार्रवाई करने को कहा है। हालांकि आरोपियों ने भी शिकायतकर्ता के खिलाफ शिकायत दी थी, जिस पर DDR दर्ज की गई है। यह झगड़ा शिकायतकर्ता और आरोपियों के घरों के बीच की एक साझा दीवार को लेकर शुरू हुआ था। पहले भी इस दीवार के काम को लेकर पंचायत में समझौता हुआ था, लेकिन विवाद पूरी तरह सुलझा नहीं था। अब समझिए मामला और कार्रवाई 1.याचिकाकर्ता (सुभाष चंद) ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 528 के तहत यह याचिका दायर की थी। उन्होंने मांग की थी कि पुलिस को FIR संख्या 14 (दिनांक 02.03.2026) के आरोपियों के खिलाफ उचित कार्रवाई करने और निष्पक्ष जांच करने का निर्देश दिया जाए। यह FIR पुलिस स्टेशन हंडेसरा, जिला SAS नगर, मोहाली में दर्ज की गई थी। सुभाष शर्मा के अनुसार, जब वह काम से घर लौटे, तो गोल्डी, करण और हर्ष ने उनके घर के आंगन में घुसकर उन पर हमला कर दिया। करण ने उन पर ईंट से हमला किया, जबकि गोल्डी और हर्ष ने उन्हें दबोच लिया और उनके सीने पर मुक्के मारे। 2. जब उनकी पत्नी कुसुम बीच-बचाव करने आईं, तो आरोपियों ने उनके साथ भी मारपीट की, जिससे उनकी सोने की चेन कहीं गिर गई। शिकायतकर्ता और उनकी पत्नी का इलाज सिविल अस्पताल डेराबस्सी और बाद में जीएमसीएच सेक्टर 32 चंडीगढ़ में कराया गया। 3. याचिकाकर्ता के वकील ने तर्क दिया कि FIR तो दर्ज हो गई है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। उन्होंने यह भी बताया कि याचिकाकर्ता ने 20 मार्च, 2026 को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP), SAS नगर को इस संबंध में एक आवेदन (Representation) भी दिया था, लेकिन उस पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। 4. राज्य के वकील (AAG, पंजाब) ने अदालत को सूचित किया कि आरोपियों के खिलाफ FIR दर्ज है, लेकिन वे वर्तमान में फरार हैं और उन्हें पकड़ने के लिए पुलिस छापेमारी कर रही है। उन्होंने यह भी बताया कि आरोपियों की ओर से भी एक शिकायत मिली थी, जिसके आधार पर एक DDR दर्ज कर जांच की जा रही है। उन्होंने आश्वासन दिया कि याचिकाकर्ता के आवेदन पर कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी और जांच जल्द ही पूरी कर ली जाएगी। 5. दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद, अदालत ने इस याचिका का निपटारा करते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP), SAS नगर, मोहाली को यह निर्देश दिया कि वे याचिकाकर्ता के 20 मार्च, 2026 के आवेदन पर विचार करें और कानून के अनुसार उचित कार्रवाई करें।


