अयोध्या में वर्ष 2022 में जमीन विवाद के कारण विवेक वर्मा (30) की पीट-पीटकर हत्या किए जाने के मामले में सोमवार को फास्ट ट्रैक कोर्ट द्वितीय ने फैसला सुनाया। कोर्ट ने दो सगे भाइयों अरविंद वर्मा और अजय वर्मा समेत सात दोषियों को उम्रकैद की सजा सुनाई। इसके साथ ही, सभी अभियुक्तों को मारपीट, हड्डी तोड़ने और जान से मारने के प्रयास में सात साल छह माह के कारावास की अतिरिक्त सजा दी गई। दोनों सजाएं साथ-साथ चलेंगी। अदालत ने गीता वर्मा और रीता वर्मा को सुबूतों के अभाव में बरी कर दिया। कोतवाली बीकापुर क्षेत्र के सेमरा गांव में 2 अगस्त 2022 को खेत की जोताई करने गए विवेक वर्मा और उदयभान पर अरविंद वर्मा, अजय वर्मा, मयाराम वर्मा और उनके पुत्र अनिल, भारत व उनके पुत्र सोनू वर्मा, रवि शंकर व मुकेश समेत कई लोगों ने हमला किया। पिटाई के दौरान विवेक वर्मा की मौत हो गई। फैसले में अदालत ने स्पष्ट किया कि यह जमीन विवाद से उत्पन्न हिंसा के मामलों के लिए एक सख्त संदेश है।


