Petrol excise duty Cut: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बजट सत्र के दूसरे चरण के दौरान पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष को लेकर लोकसभा व राज्यसभा में बयान दिया। उस दौरान उन्होंने देशवासियों से कोरोनाकाल की तरह संयम बरतने की अपील की थी। इसके बाद से लॉकडाउन लगने की अफवाहें उड़ने लगी। अब केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री ने इस पर प्रतिक्रिया दी है।
केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा कि ये सभी बातें अफवाह हैं। भारत सरकार लॉकडाउन नहीं लगा रही है। हमारा ध्यान अभी ईंधन व ऊर्जा आपूर्ति को सुनिश्चित करने पर है। उन्होंने कहा कि लॉकडाउन को लेकर अफवाह फैलाना गैर जिम्मेदाराना है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वेबजह सोशल मीडिया के जरिए अफरातफरी की स्थिति पैदा न करें।
पेट्रोल डीजल पर से एक्साइज ड्यूटी घटने पर केंद्रीय मंत्री पुरी ने क्या कहा?
इसके साथ ही उन्होंने भारत सरकार द्वारा पेट्रोल व डीजल पर एक्साइज ड्यूटी घटाने पर भी प्रतिक्रिया दी है। पुरी ने कहा कि
पिछले 1 महीने में अंतरराष्ट्रीय कच्चे तेल की कीमतें आसमान छू रही हैं। ये लगभग 70 डॉलर प्रति बैरल से बढ़कर लगभग 122 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गई हैं। नतीजतन, दुनिया भर में उपभोक्ताओं के लिए पेट्रोल और डीज़ल की कीमतें बढ़ गई हैं। दक्षिण-पूर्व एशियाई देशों में कीमतों में लगभग 30%-50% की बढ़ोतरी हुई है, उत्तरी अमेरिकी देशों में 30%, यूरोप में 20% और अफ्रीकी देशों में 50% की बढ़ोतरी हुई है।
मोदी सरकार के पास दो विकल्प थे, या तो भारत के नागरिकों के लिए कीमतें बहुत ज्यादा बढ़ा दी जाएं, जैसा कि बाकी सभी देशों ने किया है, या फिर अपनी वित्तीय स्थिति पर इसका बोझ उठाया जाए, ताकि भारतीय नागरिक अंतरराष्ट्रीय बाजार की अस्थिरता से सुरक्षित रह सकें। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी के नेतृत्व में भारत सरकार ने एक बार फिर भारतीय नागरिकों की सुरक्षा के लिए अपनी वित्तीय स्थिति पर बोझ उठाने का फैसला किया।
एक्साइज ड्यूटी घटने पर वित्त मंत्री ने दी प्रतिक्रिया
पश्चिम एशिया संकट को देखते हुए, घरेलू खपत के लिए पेट्रोल और डीजल पर केंद्रीय उत्पाद शुल्क में ₹10 प्रति लीटर की कटौती की गई है। यह कदम उपभोक्ताओं को कीमतों में होने वाली बढ़ोतरी से सुरक्षा प्रदान करेगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने
सदैव यह सुनिश्चित किया है कि देश के नागरिकों को आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति और लागत में होने वाले उतार-चढ़ाव से सुरक्षित रखा जाए। इसके अतिरिक्त, डीजल के निर्यात पर ₹21.5 प्रति लीटर और विमानन टरबाइन ईंधन (ATF) पर ₹29.5 प्रति लीटर का शुल्क लगाया गया है। इससे घरेलू उपभोग के लिए इन उत्पादों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित होगी। इस संबंध में संसद को सूचित कर दिया गया है।


