श्रीरामयंत्र राममंदिर के दूसरे तल के गर्भगृह मे पहुंच गया है। आज इसका विधिवत पूजन और आरती कर भोग लगाया गया। स्वर्णिम यंत्र आयताकार है जो कि करीब 3 फिट चौड़ा और इतना ही लंबा है। इस यंत्र में भगवान श्रीराम सहित 121 देवताओं की मौजूदगी है। रामयंत्र का दर्शन स्थापना के बाद भी आम आदमी को नहीं हो सकेगा।इसका एक कारण इसका दूसरे तल पर होना है। दूसरे दूसरे तल पर सीमित स्थान का होना भी है। इस बीच 12 मार्च से चल रहे श्रीराम यन्त्र पूजन के सातवें दिन आज बुधवार को गतपत्यादि आवाह्नित देवताओं का पूजन, श्रीराम यन्त्रार्चन, प्रायश्चित आहुति एवं पूर्णाहुति दी गई। कल वर्ष प्रतिपदा पर राष्ट्रपति द्रोपदी मूर्म श्रीराम जन्मभूमि मन्दिर के द्वितीय तल के गर्भगृह में श्रीराम यन्त्र का स्थापना पूजन करेंगी।
पहले दिन बारह मार्च को प्रथम बेला में प्रायश्चित पूजन,दसविधि स्नान एवं जलयात्रा,द्वितीय बेला में पंचांग पूजन तथा मण्डप प्रवेश हुआ। तेरह मार्च को वास्तु पूजन, अग्निस्थापन, मण्डप पूजन, नवग्रहादि मण्डपस्थ देवताओं का पूजन एवं श्रीराम यन्त्र पूजन हुआ। द्वितीय बेला में पुरुषसूक्त एवं श्री सूक्त से यज्ञाहुतियां उत्तर पूजन एवं आरती हुई। इसके बाद के दिनों में आह्वानित देवताओं का पूजन, श्रीराम यन्त्रार्चन,पुरुष एवं श्री सूक्त से यज्ञाहुतियां एवं उत्तर पूजन का क्रम चलता रहा। आज प्रायश्चित आहुति व पूर्णाहुति दी गई। कल नव वर्ष के प्रथम दिन श्रीराम जन्मभूमि मन्दिर के द्वितीय तल पर श्रीराम यन्त्र की स्थापना पूजा महामहिम राष्ट्रपति महोदया द्रौपदी मुर्मु के कर कमलों से की जाएगी


