जमुई के कचहरी चौक स्थित अंबेडकर प्रतिमा के समक्ष रविवार को ड्राइवर एसोसिएशन ऑफ बिहार ने दस सूत्री मांगों को लेकर एक दिवसीय धरना प्रदर्शन किया। कार्यक्रम की शुरुआत संघ के पदाधिकारियों द्वारा डॉ. भीमराव अंबेडकर को पुष्पांजलि अर्पित कर की गई। धरने की अध्यक्षता जिला अध्यक्ष विकास यादव ने की, जबकि संचालन जिला सचिव रामाशीष पटेल ने किया। धरने को संबोधित करते हुए जिला संयोजक सह समाजसेवी गौरव सिंह राठौड़ और जिला कोषाध्यक्ष गणेश यादव ने कहा कि ड्राइवर देश की अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं, लेकिन उन्हें सामाजिक न्याय और पर्याप्त सुविधाएं नहीं मिल पाती हैं। उन्होंने सरकार से ड्राइवरों की समस्याओं पर गंभीरता से विचार करने और दस सूत्री मांगों पर सकारात्मक पहल करने की अपील की। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मांगें पूरी नहीं हुईं तो देशव्यापी आंदोलन किया जाएगा। बिहार के सभी जिलों में यह धरना कार्यक्रम आयोजित पदाधिकारियों ने बताया कि प्रदेश अध्यक्ष उपेंद्र राय के आह्वान पर बिहार के सभी जिलों में यह धरना कार्यक्रम आयोजित किया गया है। धरने के बाद एक प्रतिनिधिमंडल द्वारा अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन जिला अधिकारी को सौंपा जाएगा। ड्राइवरों की प्रमुख मांगों में सड़क दुर्घटना में मृत्यु को आपदा की श्रेणी में शामिल करना, ड्राइवर वेलफेयर फंड की स्थापना, दुर्घटना में मृत्यु पर 20 लाख और अपंगता की स्थिति में 10 लाख रुपये का मुआवजा शामिल है। इसके अतिरिक्त, ड्राइवरों के बच्चों को उच्च शिक्षा में विशेष आरक्षण, 1 सितंबर को ड्राइवर दिवस घोषित करना, ड्राइवरों को द्वितीय श्रेणी सैनिक का दर्जा देना और सुरक्षा कानून लागू करने की मांग भी की गई। पेंशन और चिकित्सा सुविधाओं की भी मांग उठाई गई। शराब पीकर वाहन नहीं चलाने की अपील की कार्यक्रम के अंत में जिला अध्यक्ष विकास यादव ने ड्राइवरों से ट्रैफिक नियमों का पालन करने और शराब पीकर वाहन नहीं चलाने की अपील की। इस धरने में हजारों की संख्या में ड्राइवर खाकी वर्दी में अनुशासन के साथ शामिल हुए। कार्यक्रम का समापन शांतिपूर्ण तरीके से हुआ। इस दौरान बड़ी संख्या में ड्राइवर और सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित थे। जमुई के कचहरी चौक स्थित अंबेडकर प्रतिमा के समक्ष रविवार को ड्राइवर एसोसिएशन ऑफ बिहार ने दस सूत्री मांगों को लेकर एक दिवसीय धरना प्रदर्शन किया। कार्यक्रम की शुरुआत संघ के पदाधिकारियों द्वारा डॉ. भीमराव अंबेडकर को पुष्पांजलि अर्पित कर की गई। धरने की अध्यक्षता जिला अध्यक्ष विकास यादव ने की, जबकि संचालन जिला सचिव रामाशीष पटेल ने किया। धरने को संबोधित करते हुए जिला संयोजक सह समाजसेवी गौरव सिंह राठौड़ और जिला कोषाध्यक्ष गणेश यादव ने कहा कि ड्राइवर देश की अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं, लेकिन उन्हें सामाजिक न्याय और पर्याप्त सुविधाएं नहीं मिल पाती हैं। उन्होंने सरकार से ड्राइवरों की समस्याओं पर गंभीरता से विचार करने और दस सूत्री मांगों पर सकारात्मक पहल करने की अपील की। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मांगें पूरी नहीं हुईं तो देशव्यापी आंदोलन किया जाएगा। बिहार के सभी जिलों में यह धरना कार्यक्रम आयोजित पदाधिकारियों ने बताया कि प्रदेश अध्यक्ष उपेंद्र राय के आह्वान पर बिहार के सभी जिलों में यह धरना कार्यक्रम आयोजित किया गया है। धरने के बाद एक प्रतिनिधिमंडल द्वारा अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन जिला अधिकारी को सौंपा जाएगा। ड्राइवरों की प्रमुख मांगों में सड़क दुर्घटना में मृत्यु को आपदा की श्रेणी में शामिल करना, ड्राइवर वेलफेयर फंड की स्थापना, दुर्घटना में मृत्यु पर 20 लाख और अपंगता की स्थिति में 10 लाख रुपये का मुआवजा शामिल है। इसके अतिरिक्त, ड्राइवरों के बच्चों को उच्च शिक्षा में विशेष आरक्षण, 1 सितंबर को ड्राइवर दिवस घोषित करना, ड्राइवरों को द्वितीय श्रेणी सैनिक का दर्जा देना और सुरक्षा कानून लागू करने की मांग भी की गई। पेंशन और चिकित्सा सुविधाओं की भी मांग उठाई गई। शराब पीकर वाहन नहीं चलाने की अपील की कार्यक्रम के अंत में जिला अध्यक्ष विकास यादव ने ड्राइवरों से ट्रैफिक नियमों का पालन करने और शराब पीकर वाहन नहीं चलाने की अपील की। इस धरने में हजारों की संख्या में ड्राइवर खाकी वर्दी में अनुशासन के साथ शामिल हुए। कार्यक्रम का समापन शांतिपूर्ण तरीके से हुआ। इस दौरान बड़ी संख्या में ड्राइवर और सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित थे।


