सीकर में सांसद अमराराम ने कहा- केंद्र सरकार मजदूरों के आंदोलन को हल्के में ले रही है। लेबर कोड लागू होने के बाद से हर मजदूर ठगा हुआ महसूस कर रहा है। उन्होंने कहा- केंद्र सरकार ने पहले किसानों के हितों पर हमला किया और अब मेहनतकश मजदूरों के काम की गारंटी को खत्म कर रही है। सीकर में जन संघर्ष जत्थे के स्वागत कार्यक्रम में बुधवार को सांसद अमराराम ने कहा- केंद्र सरकार की दमनकारी नीतियों के खिलाफ 24 मार्च को दिल्ली के रामलीला मैदान में प्रदर्शन करेंगे। पूरे प्रदेश में लोगों से 24 मार्च को दिल्ली चलने का आह्वान किया जा रहा है। इसके लिए प्रदेश में जन संघर्ष जत्था निकल रहा है। सीकर में रविवार को पहुंचे जन संघर्ष जत्थे का वामपंथी संगठनों CPIM, सीटू, इंटक, DYFI और SFI समेत अन्य मजदूर संगठनों ने कृषि उपज मंडी में स्वागत किया। इन मुद्दों पर सरकार को घेरेंगे
जन संघर्ष जत्थे में शामिल पोलित ब्यूरो सदस्य बीजू कृष्णन, पोलित ब्यूरो सदस्य सांसद अमराराम, राज्य सचिव किशन पारीक, किसान सभा के नेता भागीरथ खेदड़, SFI प्रदेशाध्यक्ष बिजेंद्र ढाका, खेत मजदूर यूनियन राम रतन बगड़िया के स्वागत में सभा हुई। वक्ताओं ने कहा- 24 मार्च को दिल्ली में लेबर कोड, बिजली बिल-2025, किसान विरोधी बीज बिल-2025, इंडो-अमेरिका ट्रेड डील, मनरेगा कानून संशोधन, अल्पसंख्यकों-दलितों व महिलाओं पर अत्याचार आदि के विरोध में बड़ा विरोध-प्रदर्शन किया जाएगा। पूर्व विधायक कॉमरेड पेमाराम ने कहा- पूरे देश में जन संघर्ष जत्थे निकल रहे हैं। 22 मार्च तक देशभर में जन संघर्ष जत्थों के जरिए लोगों से 24 मार्च की दिल्ली में होने वाली आक्रोश महारैली में जुटने का आह्वान किया जा रहा है। कृषि उपज मंडी में आक्रोश महारैली के पत्रक बांटे गए। सभा में जिला सचिव मंडल के मंगल सिंह, हरफूल सिंह, सुभाष नेहरा, पन्नालाल, रामप्रसाद और बृज सुंदर समेत बड़ी संख्या में महिला-पुरुष मौजूद थे। वक्ताओं ने सभी लोगों को 24 मार्च के आंदोलन में हिस्सा लेने की शपथ दिलाई।


