संभल में होली के रंग-गुलाल और पिचकारी की बिक्री पर चंद्र ग्रहण का असर देखा गया है। मंगलवार सुबह से शाम तक बाजार में खरीदारी धीमी रही, लेकिन दुकानदारों को देर रात तक अच्छी बिक्री होने की उम्मीद है। बाजार में इस बार ‘मोदी’ के नाम से भाजपा, हनुमानजी की गदा, भगवान शंकर का त्रिशूल और हथौड़े जैसी विभिन्न प्रकार की पिचकारियां उपलब्ध हैं। इसके अलावा, मोदी के चेहरे वाले मुखौटे और अन्य नए मुखौटों की भी काफी मांग है। हालांकि, चीनी आइटम अपेक्षाकृत महंगे हैं। मंगलवार को पूरे देश में होली के रंग, गुलाल और पिचकारी सहित अन्य सामानों की खरीदारी का अंतिम दिन है। जनपद संभल में 500 से अधिक और संभल शहर (कल्कि नगरी) में 100 से अधिक दुकानें लगी हुई हैं। युवा रंग खेलते हुए खरीदारी कर रहे हैं। बाजार में भीड़भाड़ को देखते हुए इंस्पेक्टर गजेंद्र सिंह पुलिस बल के साथ मुस्तैद हैं। सत्यव्रत पुलिस चौकी पर बने सीसीटीवी कंट्रोल रूम से पूरे संभल शहर की निगरानी की जा रही है। दुकानदारों के अनुसार, चंद्र ग्रहण के कारण आज की बिक्री पर गहरा असर पड़ा है। चंद्र ग्रहण के समापन के बाद रात को गुलाल की चौपाई निकाली जाएगी और बुधवार सुबह होली दहन के साथ रंग खेला जाएगा। इस बार बाजार में ₹10 की सफेद जालीदार टोपी की काफी मांग है। युवा अपने बालों को रंगों से बचाने के लिए इन टोपियों के साथ-साथ दूल्हे वाली पगड़ी और अन्य प्रकार की टोपियां व हेडकैप खरीद रहे हैं। दुकानदार पुनीत कुमार ने बताया कि चंद्र ग्रहण का बिक्री पर थोड़ा असर देखने को मिला है। पिछले साल होली से एक दिन पहले अच्छी बिक्री हुई थी, लेकिन इस बार थोड़ी कम रही। उन्होंने भी रात तक अच्छी बिक्री होने की उम्मीद जताई। पुनीत ने बताया कि चीनी आइटम महंगे हैं, जबकि मोदी के चेहरे और भाजपा के नाम वाली पिचकारियों की कीमत ₹150 से ₹180 है। भगवान शंकर, हनुमान और मां काली की तलवार वाली पिचकारियां ₹120 से ₹160 तक में मिल रही हैं। देखें होली की खरीदारी की तस्वीरें…


