सहारनपुर में मिर्जापुर थाना क्षेत्र के अलीपुर नौगांवा गांव में होलिका दहन से ठीक पहले ऐसा घटनाक्रम हुआ, जिसने उत्सव को विवाद और तनाव में बदल दिया। एक ग्रामीण के घर का छप्पर कथित तौर पर उखाड़कर सामूहिक होलिका में रख दिया गया। अपमान और गुस्से से तिलमिलाए ग्रामीण ने ही होलिका में आग लगा दी। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया है, लेकिन गांव में अब भी सवालों की आग सुलग रही है। अलीपुरा में हर साल नौ गांव मिलकर सामूहिक होलिका दहन करते हैं। यह परंपरा वर्षों पुरानी बताई जाती है। इस बार भी तैयारियां चल रही थीं। लकड़ियां, फूंस और अन्य सामग्री इकट्ठी की जा चुकी थी। लेकिन बीती रात बेगपुर नौगांवा निवासी पाल्ला के भूसे वाले मकान का छप्पर उखाड़कर होलिका स्थल पर रख दिया गया। यह किसने किया, इस पर गांव में अलग-अलग चर्चाएं हैं। कुछ लोग इसे शरारत बता रहे हैं, तो कुछ इसे जानबूझकर की गई हरकत मान रहे हैं। सुबह जब पाल्ला को पता चला कि उसका छप्पर होलिका में डाल दिया गया है, तो वह आक्रोशित हो गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, वह सीधे होलिका स्थल पर पहुंचा और बहस के बीच आग लगा दी। आग लगते ही अफरा-तफरी मच गई। कुछ लोग बाल्टियों से पानी डालने लगे। देखते ही देखते लपटें तेज हो गईं और पास रखी अन्य सामग्री भी सुलगने लगी। सूचना मिलते ही दमकल की गाड़ी मौके पर पहुंची। ग्रामीणों और फायर ब्रिगेड की संयुक्त कोशिशों से आग पर काबू पाया गया। घटना की जानकारी मिलते ही सीओ एसएन वैभव पांडे और कोतवाली प्रभारी सूबे सिंह गांव पहुंचे। अधिकारियों ने मौके का जायजा लिया, ग्रामीणों को शांत कराया और नई लकड़ी व फूंस की व्यवस्था करवाई। पुलिस ने पाल्ला के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया।


